अवाडा ग्रुप की सोलर मॉड्यूल मैन्युफैरिंग यूनिट का रहा IPO:  इश्यू से ₹5000 करोड़ जुटाना चाहती है कंपनी, IPO के लिए इन्वेस्टमेंट बैंकों से चल रही बातचीत
ऑटो-ट्रांसपोर्ट

अवाडा ग्रुप की सोलर मॉड्यूल मैन्युफैरिंग यूनिट का रहा IPO: इश्यू से ₹5000 करोड़ जुटाना चाहती है कंपनी, IPO के लिए इन्वेस्टमेंट बैंकों से चल रही बातचीत

Spread the love


नई दिल्ली2 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर के अवाडा ग्रुप ने अपनी सोलर मॉड्यूल मैन्युफैरिंग यूनिट के 4,000-5,000 करोड़ रुपए के IPO की तैयारी शुरू कर दी है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, ग्रुप ने इस IPO को मैनेज करने के लिए कई इन्वेस्टमेंट बैंकों और कानूनी फर्म से कॉन्टैक्ट किया है।

अवाडा ग्रुप को वेलस्पन एनर्जी के पूर्व को-फाउंडर विनीत मिल ने शुरू किया है। कंपनी में ग्लोबल इनवेमेंट फर्म ब्रुकफील्ड का भी पैसा लगा है। सूत्रों का कहना है कि IPO से जुटाए जाने वाले पैसों में से ज्यादातर का इस्तेमाल ग्रुप के कैपिटल एक्सपेंडिचर प्लान की फंडिंग के लिए किया जाएगा।

इसमें उत्तर प्रदेश में 5 गीगावाट की इंटीग्रेटेड सोलर मॉड्यूल और सेल मैन्युफैरिंग फैसिलिटी को शुरू करना शामिल है। हालांकि, उन्होंने आगाह किया कि डील अभी शुरुआती फेज में है, इसलिए आगे चलकर प्लान में बदलाव हो सकता है। कई सोलर पैनल मैन्युफैरर्स ऐसे हैं, जिन्होंने या तो साल 2024 में IPO के जरिए पैसे जुटाए या फिर IPO के लिए ड्राफ्ट पेपर जमा कर चुके हैं।

मार्च में कंपनी ने 1.5 गीगावाट की सोलर मॉड्यूल गीगा फैक्ट्री का उद्घाटन किया

क्लीन एनर्जी सेक्टर में अवाडा ग्रुप की मौजूदगी सोलर मॉड्यूल मैन्युफैरिंग, रिन्यूएबल एनर्जी प्रोडक्शन, ग्रीन हाइड्रोजन और अमोनिया जैसे क्षेत्रों में है। मार्च में कंपनी ने उत्तर प्रदेश के दादरी में 1.5 गीगावाट की सोलर मॉड्यूल गीगा फैक्ट्री का उद्घाटन किया। साथ ही ग्रेटर नोएडा में 5 गीगावाट की इंटीग्रेटेड मैन्युफैरिंग फैसिलिटी की नींव रखी। वर्तमान में कंपनी प्रतिदिन 5,800 सोलर मॉड्यूल का निर्माण कर रही है।

अप्रैल में अवाडा ने दो प्रोजेक्ट्स के लिए महाराष्ट्र सरकार के साथ MoU साइन किया

अप्रैल में अवाडा ने दो प्रोजेक्ट्स- पवना फल्यान (2,400 मेगावाट) और सिरसाला (1,200 मेगावाट) के माध्यम से 3,650 मेगावाट की पंप हाइड्रो स्टोरेज क्षमता विकसित करने के लिए महाराष्ट्र सरकार के साथ एक MoU साइन किया। इसमें ₹15,100 करोड़ का निवेश शामिल है।

कंपनी ने मध्यप्रदेश सरकार के साथ ₹50,000 करोड़ के निवेश के लिए एक MoU किया है, जिसमें 6,000 मेगावाट सोलर एनर्जी, 700 मेगावाट विंड एनर्जी, 2,100 मेगावाट बैटरी ऊर्जा भंडारण प्रणाली और 2,000 मेगावाट पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट्स का विकास शामिल है।

खबरें और भी हैं…



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *