स्वामी अवधेशानंद जी गिरि के जीवन सूत्र:  स्वाध्याय का अर्थ है ग्रंथों का अध्ययन करके स्वयं को समझना, स्वाध्याय से सुख-शांति मिलती है
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स्वामी अवधेशानंद जी गिरि के जीवन सूत्र: स्वाध्याय का अर्थ है ग्रंथों का अध्ययन करके स्वयं को समझना, स्वाध्याय से सुख-शांति मिलती है

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  • Avdheshanand Giri Maharaj Life Lesson. Swadhyaya Means Studying Sacred Texts In Order To Understand Ourself. Through Swadhyaya, A Person Attains Happiness And Peace.

हरिद्वार13 घंटे पहले

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जीवन में सुख-शांति चाहते हैं तो स्वाध्याय करें। स्वाध्याय का अर्थ है ग्रंथों का अध्ययन करके स्वयं को समझना। इससे मनुष्य के भीतर साधन चतुष्टय के गुण विकसित होते हैं। साधन चतुष्टय यानी साधना के साधन के चार का समूह। इनमें विवेक, वैराग्य, शम, दम, उपरति, तितिक्षा, श्रद्धा और समाधान जैसे गुण शामिल हैं। इन गुणों से मन शांत और स्थिर बनता है। धीरे-धीरे व्यक्ति के अंदर परम सत्य को जानने की इच्छा जागृत होती है।

आज जूनापीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद जी गिरि के जीवन सूत्र में जानिए दुविधाएं कैसे दूर हो सकती हैं?

आज का जीवन सूत्र जानने के लिए ऊपर फोटो पर क्लिक करें।

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