15 या 16 अगस्त, मथुरा-वृंदावन में कब है जन्माष्टमी? यहां जानिए सही तिथि और मंगला आरती का समय
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15 या 16 अगस्त, मथुरा-वृंदावन में कब है जन्माष्टमी? यहां जानिए सही तिथि और मंगला आरती का समय

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Mathura Vrindavan Mein Krishna Janmashtami Kab Hai: हिंदू धर्म में जन्माष्टमी का पर्व बहुत ही खास माना जाता है, जो भगवान श्रीकृष्ण को समर्पित है। श्रीकृष्ण के भक्तों को जन्माष्टमी का पूरे साल इंतजार रहता है। हर साल पूरे देश में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पर्व भक्ति और उल्लास के साथ मनाया जाता है, लेकिन वृंदावन की जन्माष्टमी का महत्व ही अलग है, जहां स्वयं भगवान श्रीकृष्ण का जन्म हुआ था। भक्तों में इस दिन को लेकर जबरदस्त उत्साह देखने को मिलता है।

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इस खास मौके पर मंदिरों को भव्य तरीके से सजाया जाता है, विशेष पूजा-अर्चना की जाती है, साथ ही भजन-कीर्तन भी किए जाते हैं। खासकर वृंदावन स्थित प्रसिद्ध बांके बिहारी मंदिर में यह पर्व अत्यंत भव्यता के साथ मनाया जाता है। ऐसे में आइए जानते हैं कि इस साल मथुरा-वृंदावन में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी कब मनाई जाएगी।

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वृंदावन में कब मनाई जाएगी श्रीकृष्ण जन्माष्टमी?

भगवान श्रीकृष्ण की जन्मभूमि मथुरा और उनकी लीलाओं की भूमि वृंदावन में इस साल जन्माष्टमी का पर्व 16 अगस्त 2025 दिन शनिवार को मनाया जाएगा। इस दिन मंदिरों को फूलों और रोशनी से सजाया जाएगा, भजन-कीर्तन होंगे।

मंगला आरती का समय

वृंदावन स्थित बांके बिहारी मंदिर में जन्माष्टमी बेहद धूमधाम के साथ मनाई जाती है। इस दिन यहां रात 12 बजे ठाकुर जी की मंगला आरती की जाती है, जो पूरे वर्ष में केवल इसी दिन होती है। यानी की साल में 1 बार ही जन्माष्टमी के मौके पर बांके बिहारी मंदिर में मंगला आरती आयोजित की जाती है। इस खास मौके पर लड्डू गोपाल का भव्य महाभिषेक किया जाता है और विशेष पूजा-अर्चना की जाती है। यही वजह है कि जन्माष्टमी की रात की यह एकमात्र मंगला आरती भक्तों के लिए अत्यंत दुर्लभ और सबसे खास मानी जाती है। इस अद्भुत दर्शन की झलक पाने के लिए श्रद्धालु दूर-दूर से वृंदावन आते हैं।

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