सोशल मीडिया पर एक दावा आरबीआई (रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया) को लेकर शेयर किया जा रहा है। पोस्ट में दावा किया जा रहा है कि आरबीआई ने एटीएम के जरिए 500 रुपये के नोट निकालने पर पाबंदी लगा दी है। अब एटीएम से सिर्फ 100 और 200 रुपये के नोट ही निकाले जा सकते हैं। साथ ही यह भी दावा किया जा रहा है कि आरबीआई ने निर्देश दिए हैं कि भारत के सभी बैंकों को मार्च 2026 से 500 रुपये के नोटों का प्रचलन बंद करना होगा।
अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में इस दावे को गलत पाया है। हमने अपनी जांच में पाया कि आरबीआई की तरफ से 500 रुपये के नोटों को लेकर कोई बयान जारी नहीं किया गया है। बल्कि आरबीआई की तरफ से कहा गया है कि बैंक यह सुनिश्चित करें कि 30 सितंबर 2025 तक 75% एटीएम के कम से कम एक कैसेट से 100 या 200 के बैंक नोट निकले। 31 मार्च 2026 तक देश के 90% एटीएम के कम से कम एक कैसेट से 100 या 200 के बैंक नोट निकले।
क्या है दावा
आरबीआई के एटीएम में 100 और 200 रुपये के नोट रखने के बयान से जोड़कर दावा किया जा रहा है कि बैंकों को एटीएम में 100 और 200 के ही नोट डालने को कहा गया है। 500 रुपए के नोटों को मार्च 2026 तक आरबीआई बंद करने के योजना बना रही है।
सीए अनुपम शर्मा (@caanupam7) नाम के एक एक्स यूजर ने पोस्ट किया “आरबीआई ने सभी बैंकों से 30 सितंबर तक एटीएम से 500 रुपये के नोट निकलना बंद करने को कहा है। 31 मार्च 2026 तक सभी बैंकों के एटीएम में से 75% और फिर 31 मार्च तक 90% का लक्ष्य है। आगे चलकर एटीएम से केवल 200 और 100 रुपये के नोट ही निकाले जा सकेंगे।” पोस्ट का लिंक और आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
इस तरह के कई और दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इसके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
पड़ताल
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले इससे जुड़े कीवर्ड को सर्च किया। यहां हमें इकोनॉमिक टाइम्स की एक रिपोर्ट मिली। इस रिपोर्ट में बताया गया था कि सभी बैंक और व्हाइट लेबल ATM ऑपरेटर यह सुनिश्चित करेंगे कि उनके ATM नियमित आधार पर 100 रुपये और 200 रुपये के मूल्यवर्ग के बैंक नोट वितरित करें। इसमें कहीं भी 500 रुपये के नोटों को बंद होने का बात नहीं कही गई थी।
इसके बाद हमने आरबीआई की आधिकारिक वेबसाइट को खंगाला यहां हमें 28 अप्रैल 2025 को आरबीआई के द्वारा प्रकाशित एक प्रेस नोट मिला। इसमें आरबीआई की तरफ से कहा गया था कि “बार-बार उपयोग किए जाने वाले मूल्यवर्ग के बैंक नोटों तक जनता की पहुंच बढ़ाने के प्रयास के तहत, यह निर्णय लिया गया है कि “सभी बैंक और व्हाइट लेबल एटीएम ऑपरेटर (डब्ल्यूएलएओ) यह सुनिश्चित करेंगे कि उनके एटीएम निम्नलिखित लक्ष्यों के अनुसार नियमित आधार पर ₹100 और ₹200 मूल्यवर्ग के बैंक नोट वितरित करें। 1. 30 सितंबर, 2025 तक: कम से कम 75% एटीएम के एक कैसेट से ₹100 या ₹200 मूल्यवर्ग के बैंक नोट निकलें। 2. 31 मार्च, 2026 तक: कम से कम 90% एटीएम के एक कैसेट से ₹100 या ₹200 मूल्यवर्ग के बैंक नोट निकले।”
जांच के दौरान हमें पीआईबी का भी इस दावे को लेकर एक एक्स पोस्ट मिला। एक यूट्यूब वीडियो के जरिए 500 रुपये के नोटों के बंद होने का दावा किया जा रहा था। इसका खंडन करते हुए पीआईबी की तरफ से कहा गया “RBI ने 500 के नोट को बंद करने जैसी कोई घोषणा नहीं की है। 500 रुपये के नोट बंद नहीं किए गए हैं और वे वैध मुद्रा बने रहेंगे।
पड़ताल का नतीजा
हमारी पड़ताल में यह साफ है कि आरबीआई की तरफ से 500 रुपये के नोटों को बंद करने का दावा झूठा है। आरबीआई की तरफ से कहा गया है कि सभी एटीएम से 100 और 200 रुपये के नोट भी निकलने चाहिए।








