सोशल मीडिया पर नितिन गडकरी के बयान का एक वीडियो शेयर किया जा रहा है। इस वीडियो में वह आंदोलन करने को लोकतंत्र और जनता का अधिकार बता रहे हैं। साथ ही प्रधानमंत्री की भी आलोचना करते हुए दिख रहे हैं। वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि नितिन गडकरी विपक्ष और राहुल गांधी का समर्थन कर रहे हैं।
अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में इस दावे को गलत पाया है। हमारी पड़ताल में सामने आया कि यह वीडियो 2011 में नितिन गडकरी के एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधन करने के दौरान का है, अपने बयान में उन्होंने तत्कालीन कांग्रेस सरकार और प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की आलोचना की थी। नितिन गडकरी ने कांग्रेस सरकार के भ्रष्टाचार और अन्ना हजारे के आंदोलन को दबाने की उसकी कार्रवाइयों के खिलाफ बयान दिया था।
क्या है दावा
इस वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि नितिन गडकरी राहुल गांधी का समर्थन कर रहे हैं।
Dirty Politics (@Dimpi77806999) नाम के एक एक्स यूजर ने इस वीडियो को शेयर करके लिखा “नितिन गडकरी जी आप के जज्बे को सलाम सच बोलने की जो अपने हिम्मत दिखाई। @RahulGandhi” पोस्ट का लिंक और आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
इस तरह के कई और दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इसके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
पड़ताल
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने वीडियो के कीफ्रेम्स को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। यहां हमें यह वीडियो भाजपा के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर मिला। भाजपा ने यह वीडियो 16 अगस्त 2011 को प्रकाशित किया था। बताया जा रहा है कि यह वीडियो 15 अगस्त 2011 को हुई भाजपा की प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान का था।
इस वीडियो को पूरा सुनने पर हमें पता चला कि नितिन गडकरी ने विरोध प्रदर्शन की आज़ादी को दबाने के लिए कांग्रेस सरकार की आलोचना करते हुए यह बयान दिया था। साथ ही उन्होंने तत्कालीन प्रधानमंत्री द्वारा भ्रष्टाचार के खिलाफ अन्ना हजारे के आंदोलन को दबाने की कार्रवाई पर भी बयान दिया था।
आगे कीवर्ड के माध्यम से हमने इस बयान को सर्च किया। यहां हमें इकनॉमिक टाइम्स की एक रिपोर्ट मिली। इस रिपोर्ट को 16 अगस्त 2011 को प्रकाशित करके लिखा गया था “अन्ना हजारे के अनशन पर सरकार द्वारा शर्तें लगाए जाने के बाद, भाजपा ने आज प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से अपने रुख पर “आत्मचिंतन” करने को कहा, जिसे भाजपा ने लोकतंत्र के विरुद्ध बताया।
पड़ताल का नतीजा
हमारी पड़ताल में यह साफ है कि नितिन गडकरी का यह वीडियो 2011 का है। जिसमें उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के बारे में बयान दिया था।








