Ram Navami 2025: रामनवमी का त्योहार हिंदू धर्म में प्रमुख त्योहारों में से एक है। इस दिन को भगवान श्री राम के जन्मोत्सव के तौर पर सेलिब्रेट किया जाता है। राम नवमी (Ram Navami 2025) के मौके पर भगवान राम की विधि-विधान से पूजा की जाती है। इस दिन उन्हें विशेष तरह का भोग भी लगाया जाता है।
रामनवमी पर भगवान राम को लगाते हैं पंचामृत के भोग
रामनवमी के पावन अवसर पर भगवान श्रीराम को पंचामृत का भोग लगाया जाता है। पंचामृत को पांच पवित्र और शुद्ध चीजों जैसे दूध, दही, घी, शहद और गुड़ से तैयार किया जाता है। पंचामृत में दूध को शुद्धता और पोषण का प्रतीक माना जाता है। वहीं, दही को सौम्यता और शीतलता, घी को शक्ति और ऊर्जा, शहद को मधुरता और प्रेम, जबकि गुड़ को सुख और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। यहां पढ़ें पंचामृत बनाने की विधि
खीर
रामनवमी के अवसर पर भगवान प्रभु श्री राम को खीर का भोग लगाना शुभ माना जाता है। खीर शुद्धता, श्रद्धा और प्रेम का प्रतीक है। मान्यता है कि भगवान श्रीराम को खीर का भोग लगाने से सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती है। यहां पढ़ें खीर बनाने की रेसिपी
मालपुआ
भगवान राम को भोग में आप मालपुआ भी लगा सकते हैं। इसको आप गेहूं के आटे, गुड़ और घी से तैयार कर सकते हैं।
कैसे बनाएं मालपुआ?
अगर आप मालपुआ बना रहे हैं तो इसके लिए आप सबसे पहले मैदा, सूजी, चीनी, सौंफ और दूध को घोलकर एक बैटर तैयार कर लें। अब आप इसको एक घंटे के लिए इसको कवर कर छोड़ दें। अब आप कढ़ाई में तेल को डालें और गरम करें। अब आप इस घोल को गोल आकार में डालें और इसको धीमी आंच पर सुनहरा होने तक तलें। इस तरह आपका मालपुआ तैयार हो जाएगा।
ये भी लगाएं भगवान श्रीराम को भोग
भगवान श्रीराम को गुड़ और भुने हुए चने का भोग भी लगाया जाता है। इसके साथ ही आप फल, मिठाई को भी अर्पित कर सकते हैं।