पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  बुढ़ापे में कम से कम इतना जरूर करें कि मन हल्का रखें
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पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: बुढ़ापे में कम से कम इतना जरूर करें कि मन हल्का रखें

आजकल की पीढ़ी के मुंह से कभी-कभी यह बात सुनाई देती है कि मैं चीजों को दिल पर नहीं लेता या लेती हूं। यानी ये लोग जिम्मेदारियों को भी बहुत लाइटली ले लेते हैं। कहते हैं कि दिल पर लेना भी फायदेमंद होता है। कभी-कभी दर्द भी जुनून पैदा करता है। अब हम इसी बात […]

एन. रघुरामन का कॉलम:  हमारे आसपास कुछ नि:स्वार्थ व समझदार लोगों का क्यों होना जरूरी है
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एन. रघुरामन का कॉलम: हमारे आसपास कुछ नि:स्वार्थ व समझदार लोगों का क्यों होना जरूरी है

Hindi News Opinion N. Raghuraman’s Column: Why It Is Essential To Have Selfless And Sensible People Around Us 4 घंटे पहले कॉपी लिंक एन. रघुरामन मैनेजमेंट गुरु लीवेई ने अपने बच्चों के लिए सब कुछ दे दिया। उन्होंने दिन-रात मेहनत की ताकि बच्चों को किसी चीज की कमी न रहे। उन्होंने अपना आराम छोड़ा, ताकि […]

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  यह युग ऐसा है कि सावधानी तो रखें पर संदेह न करें
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पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: यह युग ऐसा है कि सावधानी तो रखें पर संदेह न करें

जीवन में हमारी ऊर्जा को जो बातें पी जाती हैं, उनमें से एक है संदेह। यदि आप अत्यधिक संदेहग्रस्त होते जा रहे हैं तो ये मनोरोग है। लेकिन मनुष्य का स्वभाव है संदेह करना। तो इसे दूर करने के हमारे यहां जो उपाय बताए गए, उनमें से एक है ईश्वर के चरित्र का श्रवण किया […]