कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी और सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि राहुल गांधी अपने सहयोगी अखिलेश यादव से पूछें कि वह इंडिया गठबंधन की बैठक में क्यों शामिल नहीं हुए। उन्होंने कहा कि राज्यसभा नामांकन की अंतिम तारीख छह अक्तूबर है, फिर अखिलेश ने एक दिन पहले नामांकन करने की क्या जल्दी थी।
राजभर के मुताबिक, अखिलेश खुद नहीं जा सकते थे तो डिंपल यादव या धर्मेंद्र यादव को बैठक में भेज सकते थे। दोनों नामांकन में भी शामिल नहीं हुए। उन्होंने कहा कि अखिलेश ऑनलाइन माध्यम से भी बैठक में जुड़ सकते थे, जैसा अन्य नेताओं ने किया। राजभर ने यह भी कहा कि राहुल गांधी बैठक कर रहे थे, जबकि अखिलेश प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहे थे।
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर राजभर ने राहुल गांधी के आरोपों पर सवाल उठाते हुए कहा कि वह फरवरी 2025 में मुख्य चुनाव आयुक्त बने, जबकि हरियाणा, महाराष्ट्र और दिल्ली के चुनाव इससे पहले हो चुके थे। उन्होंने राहुल से आरोप लगाने के बजाय जनता के बीच जाने को कहा।
अब अखिलेश भी अपना हिसाब दें
राजभर ने योगी सरकार के गांवों के विकास का हिसाब जनता के सामने रखने का दावा करते हुए अखिलेश से भी अपने शासन का हिसाब देने को कहा। उन्होंने ग्राम सचिवालयों, डिजिटल व्यवस्था, पारदर्शिता और स्थानीय रोजगार का उल्लेख करते हुए कहा कि विकास अब जरूरत के आधार पर हो रहा है।







