शुक्र का राशि परिवर्तन आज:  शुक्र के लिए करें शिव पूजा और दूध का दान, जानिए किस राशि के लिए शुभ रहेगा 1 अगस्त तक का समय
जीवन शैली/फैशन लाइफस्टाइल

शुक्र का राशि परिवर्तन आज: शुक्र के लिए करें शिव पूजा और दूध का दान, जानिए किस राशि के लिए शुभ रहेगा 1 अगस्त तक का समय

Spread the love




आज (4 जुलाई) दोपहर करीब 4 बजे शुक्र राशि बदलकर सिंह राशि में आ जाएगा। इसके बाद यह ग्रह 1 अगस्त तक इसी राशि में रहेगा। शुक्र वृषभ और तुला राशि का स्वामी है। जिन लोगों की कुंडली में शुक्र की स्थिति ठीक नहीं है, उन्हें वैवाहिक जीवन में समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। इस ग्रह का सीधा असर प्रेम, करियर, धन और स्वास्थ्य से जुड़ी बातों पर होता है। कुंडली में शुक्र की स्थिति शुभ हो, तो व्यक्ति को भाग्य का साथ मिलता है और जीवन में सुख-सुविधा बनी रहती है। उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. मनीष शर्मा के मुताबिक शुक्र के राशि बदलने से कुछ लोगों के दैनिक कामों में बाधाएं आ सकती है। कड़ी मेहनत के बाद भी आशा के अनुरूप लाभ नहीं होगा, वैवाहिक जीवन में क्लेश हो सकता है। इन अशुभ प्रभावों से बचने के लिए नियमित रूप से शुक्र ग्रह की पूजा करनी चाहिए। इस ग्रह की पूजा शिवलिंग रूप में की जाती है, इसलिए शिवलिंग पर जल-दूध चढ़ाएं। सफेद फूलों से श्रृंगार करें। बिल्व पत्र, धतूरा, आंकड़े के फूल भी चढ़ाएं। धूप-दीप जलाकर आरती करें। शुक्र ग्रह के मंत्र ऊँ शुक्राय नम: का जप करें। पूजा के बाद दूध का दान करें। शुक्र इस राशि के पंचम भाव में रहेगा। यह संतान, प्रेम और बुद्धि का भाव है। मेष राशि के लोगों के लिए शुक्र की यह स्थिति रचनात्मक रहने वाली है। प्रेम संबंध में मधुरता आएगी और यदि जो लोग सिंगल हैं, उनके नए रिश्ते की शुरुआत हो सकती है। कला, मीडिया या रचनात्मक क्षेत्रों से जुड़े लोगों को अपनी प्रतिभा दिखाने के बेहतरीन अवसर मिलेंगे। शुक्र चतुर्थ भाव में रहेगा। यह सुख, माता और वाहन का स्थान है। यहां शुक्र होने से जीवन में आराम बढ़ेगा। इस समय में आप घर के नवीनीकरण, साज-सज्जा या नया वाहन खरीदने पर धन खर्च कर सकते हैं। पारिवारिक जीवन में शांति और सौहार्द बना रहेगा और माता के साथ आपके संबंध मजबूत होंगे। शुक्र तृतीय भाव में रहेगा। यह भाव साहस, पराक्रम और भाई-बहन का है। मिथुन राशि वालों के लिए यह गोचर संचार कौशल और आकर्षण में वृद्धि करेगा। आपकी वाणी में मधुरता रहेगी, जिससे लोगों को आसानी से प्रभावित कर पाएंगे। छोटी दूरी की यात्राएं होंगी। भाई-बहनों और मित्रों के साथ संबंध सुधरेंगे और उनके सहयोग से कई काम बनेंगे। शुक्र धन, वाणी और परिवार के स्थान यानी द्वितीय भाव रहेगा। कर्क राशि के लोगों के लिए शुक्र आर्थिक रूप से मददगार रहने वाला है। बैंक बैलेंस में वृद्धि होगी और फंसा हुआ धन वापस मिल सकता है। वाणी में सौम्यता और आकर्षण बढ़ेगा, जिससे आप पारिवारिक विवादों को सुलझाने में सफल रहेंगे। शुक्र इसी राशि में रहेगा। शुक्र व्यक्तित्व में निखार और आकर्षण बढ़ाएगा। लोग आकर्षित होंगे और समाज में मान-सम्मान बढ़ेगा। वैवाहिक जीवन के लिए यह समय शुभ रहेगा। पहनावे और ग्रूमिंग पर विशेष ध्यान देंगे। हालांकि, अहंकार की भावना को खुद पर हावी न होने दें, अन्यथा बने-बनाए काम बिगड़ सकते हैं। शुक्र द्वादश भाव में रहेगा। यह भाव व्यय, विदेश से जुड़ी बातों का प्रभावित करता है। कन्या राशि वालों के लिए शुक्र सुख-सुविधाओं की वस्तुओं पर खर्च बढ़ाएगा। इस दौरान भौतिक सुखों की तरफ झुकाव रहेगा, जिससे बजट बिगड़ सकता है। जो लोग बहुराष्ट्रीय कंपनियों में काम कर रहे हैं या विदेश जाने का प्रयास कर रहे हैं, उनके लिए यह समय अनुकूल है। शुक्र एकादश भाव में रहेगा। यह जगह लाभ का स्थान है। शुक्र का एकादश भाव में जाना आपके लिए किसी शुभ है। इस अवधि में आपकी अधूरी इच्छाएं पूरी होंगी और आय के नए स्रोत बनेंगे। सामाजिक दायरे में आपकी लोकप्रियता बढ़ेगी और बड़े अधिकारियों से लाभ मिलेगा। मित्रों के साथ घूमने-फिरने और पार्टी करने के कई मौके मिलेंगे। शुक्र दशम भाव यानी करियर और कर्म के स्थान पर रहेगा। वृश्चिक राशि के जातकों के लिए शुक्र का गोचर करियर में नए अवसर और तरक्की लेकर आएगा। कार्यक्षेत्र में वरिष्ठ अधिकारियों और सहकर्मियों, विशेषकर महिला सहयोगियों का पूरा समर्थन मिलेगा। यदि आप नौकरी बदलने का विचार कर रहे हैं, तो आकर्षक प्रस्ताव मिल सकते हैं। शुक्र नवम भाव में रहेगा। यह जगह भाग्य, धर्म और लंबी यात्रा का स्थान है। धनु राशि वालों के लिए शुक्र का भाग्य में वृद्धि करने वाला साबित होगा। रुके हुए काम बिना किसी बड़ी बाधा के पूरे होने लगेंगे। धार्मिक और आध्यात्मिक गतिविधियों में आपकी रुचि बढ़ेगी और आप किसी तीर्थयात्रा पर भी जा सकते हैं। शुक्र अष्टम भाव में रहेगा। कुंडली का यह भाव आयु, संकट और गुप्त धन का कारक है। मकर राशि के लोगों के लिए यह गोचर मिले-जुले परिणाम लेकर आएगा। आर्थिक रूप से फायदा हो सकता है। हालांकि, ससुराल पक्ष के साथ संबंधों में कुछ उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकते हैं, इसलिए वाणी पर नियंत्रण रखें। शुक्र सप्तम भाव में है। यह भाव विवाह और साझेदारी का स्थान है। कुंभ राशि वालों के लिए शुक्र का यह गोचर वैवाहिक जीवन में खुशियां और नया उत्साह लेकर आएगा। अगर जीवनसाथी के साथ कोई मनमुटाव चल रहा है, तो वह समाप्त होगा और आपसी प्रेम बढ़ेगा। मीन राशि शुक्र षष्ठम भाव यानी रोग, ऋण और शत्रु के स्थान पर रहेगा। मीन राशि के जातकों के लिए शुक्र का छठे भाव में जाना चुनौतीपूर्ण हो सकता है। गुप्त शत्रु सक्रिय हो सकते हैं, हालांकि वे कुछ बिगाड़ नहीं पाएंगे, लेकिन बाधाएं जरूर बढ़ा सकते हैं। कार्यक्षेत्र में सहकर्मियों के साथ बहस से बचें और अपने काम पर ध्यान केंद्रित करें।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *