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नई दिल्ली2 मिनट पहले
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CJP के संसद मार्च से पहले रविवार रात से जंतर-मंतर पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) सोमवार को संसद भवन तक मार्च निकालेगी। सोनम वांगचुक के सफदरजंग अस्पताल में भर्ती होने से उनके इस मार्च में शामिल होने को लेकर अनिश्चितता है।
वांगचुक की पत्नी डॉ. गीतांजलि जे. आंगमो ने कहा है कि वे मार्च में सोनम वांगचुक का प्रतिनिधित्व करेंगी। उधर, दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी के ‘चलो संसद’ मार्च से एक दिन पहले ही बड़ी संख्या में समर्थक पहुंच गए हैं। पार्टी फाउंडर अभिजीत दीपके ने समर्थकों से पूरी रात जंतर-मंतर पर डटे रहने की अपील की है।
CJP के मुताबिक उसका संसद मार्च सुबह 9 बजे शुरू होगा, लेकिन दिल्ली पुलिस के कमिश्नर ने दावा किया है कि उन्हें मार्च के लिए कोई आवेदन नहीं मिला। ना ही परमिशन दी गई है। पूरे जिले में धारा 163 लागू है।
जंतर–मंतर पर देर रात प्रदर्शन की फोटोज…

संसद मार्च के एक दिन पहले रविवार की रात को हजारों की संख्या में लोग जंतर मंतर पहुंचे और मोबाइल लाइट से कॉकरोच जनता पार्टी का समर्थन किया।

सोनम वांगचुक की पत्नी डॉ. गीतांजलि जे. आंगमो देर रात जंतर-मंतर पहुंचीं। उन्होंने लोगों से कल के संसद मार्च में पहुंचने की अपील की।

रविवार रात बड़ी तादाद में जंतर मंतर के आसपास पुलिस बल तैनात किया गया है।
पुलिस ने कहा- मार्च में शामिल होने से बचें
दिल्ली पुलिस ने कहा है कि 5 या ज्यादा लोगों के इकट्ठा होने, विरोध मार्च और प्रदर्शन की अनुमति नहीं है। लोग किसी भी गैर-कानूनी जमावड़े, मार्च में शामिल होने से बचें। आदेशों का उल्लंघन करने वालों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
हालांकि 22 दिन से अनशन कर रहे सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि ने रविवार को कहा कि यदि राजनीतिक दल शिक्षा जवाबदेही का मुद्दा संसद में उठाने का भरोसा दें तो वांगचुक सोमवार को अपनी भूख हड़ताल खत्म कर देंगे।
CJP के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने दावा किया कि रविवार शाम तक जंतर-मंतर और उसके आसपास करीब 20 हजार लोग मौजूद थे।
रविवार को जंतर-मंतर से जुड़े 5 बड़े अपडेट्स
- एक्टर शबाना आजमी, प्रकाश राज और AAP नेता मनीष सिसोदिया वांगचुक का समर्थन करने दीपके से मिलने जंतर-मंतर पहुंचे।
- वांगचुक का इलाज कर रहे डॉक्टर्स ने हेल्थ बुलेटिन में कहा- ब्लड सेल्स में मामूली सुधार हुआ है, फिर भी उनपर निगरानी रखना जरूरी है।
- वांगचुक की पत्नी ने आरोप लगाया कि सफदरजंग अस्पताल के डॉक्टर हमें उनकी रेगुलर हेल्थ रिपोर्ट नहीं दे रहे हैं।
- सोनम वांगचुक से मिलने नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रमुख और जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला सफदरजंग अस्पताल पहुंचे, हालांकि वे मिल नहीं सके।

अपडेट्स
26 मिनट पहले
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रविवार को हुए प्रदर्शन की तस्वीरें, कई सेलिब्रेटी जंतर-मंतर पहुंचे

अभिजीत दीपके का रविवार को अनशन का दूसरा दिन था।

एक्टर प्रकाश राज भी रविवार को वांगचुक का समर्थन करने जंतर-मंतर पहुंचे।

मुंबई के शिवाजी पार्क में भी सोनम वांगचुक के समर्थन में शिवसेना यूबीटी ने प्रदर्शन किया।
28 मिनट पहले
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वांगचुक ने मार्च को बताया था आजादी का दूसरा आंदोलन

वांगचुक इस समय सफदरजंग हॉस्पिटल में एडमिट हैं। रविवार को उन्होंने अस्पताल से संदेश भेजकर सोमवार को होने वाले मार्च को “भारत का दूसरा स्वतंत्रता आंदोलन” बताया और लोगों से बड़ी संख्या में इसमें शामिल होने की अपील की।
सोनम वांगचुक ने X पर पोस्ट किए मैसेज में लिखा- “20 जुलाई को आजादी का दूसरा आंदोलन। भयमुक्त भारत, अन्यायमुक्त भारत। पेपर लीक जैसे अन्याय से आजादी और मेरी अवैध हिरासत जैसे डर से आजादी। संसद मार्च को सफल बनाएं। यह संदेश मेरी अवैध हिरासत से गीतांजलि के जरिए भेजा गया है।”
18 जुलाई को सुबह दिल्ली पुलिस वांगचुक को जंतर-मंतर से उठाकर ले गई थी। अस्पताल में भी वांगचुक की भूख हड़ताल जारी है।
29 मिनट पहले
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CJP का प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) नीट पेपर लीक के विरोध में 20 जून से जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रही है। वे शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। वांगचुक भी 28 जून से उनके आंदोलन में शामिल हुए थे। CJP चीफ जस्टिस सूर्यकांत के बेरोजगार युवाओं की तुलना कॉकरोच से करने के बाद बनी थी।

31 मिनट पहले
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दिल्ली हाईकोर्ट ने हॉस्पिटल बदलने की याचिका खारिज की
रविवार को दिल्ली हाईकोर्ट में सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि की याचिका पर सुनवाई हुई। जस्टिस मिनी पुष्करणा ने कहा कि वांगचुक को अस्पताल ले जाने की कार्रवाई मनमानी नहीं। वे 17-18 दिनों से भूख हड़ताल पर थे। सेहत बिगड़ने के कारण उन्हें अस्पताल ले जाया गया। इस कार्रवाई को मनमाना नहीं कहा जा सकता।
कोर्ट ने हॉस्पिटल बदलने की मांग खारिज करते हुए कहा कि सफदरजंग अस्पताल के डॉक्टर लगातार उनकी स्वास्थ्य स्थिति की निगरानी कर रहे हैं। डॉक्टरों ने सिर्फ वही उपचार और दवाएं/तरल पदार्थ दिए हैं, जिनके लिए वांगचुक ने सहमति दी है। मामले में अगली सुनवाई 23 जुलाई को होगी।









