स्वामी अवधेशानंद जी गिरि के जीवन सूत्र:  पुस्तकें ईश्वर की जीवंत प्रतिमाएं हैं, इनकी मदद से हमारे मन में दिव्यता, श्रेष्ठता और पवित्रता जागती है
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स्वामी अवधेशानंद जी गिरि के जीवन सूत्र: पुस्तकें ईश्वर की जीवंत प्रतिमाएं हैं, इनकी मदद से हमारे मन में दिव्यता, श्रेष्ठता और पवित्रता जागती है

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  • Avdheshanand Giri Maharaj Life Lesson. Books Are Living Images Of God, With Their Help Divinity, Nobility And Purity Awaken In Our Minds.

हरिद्वार15 मिनट पहले

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पुस्तकें ईश्वर की जीवंत प्रतिमाएं हैं। इनके समीप जाने पर मन में दिव्यता, श्रेष्ठता और पवित्रता जागती है। पुस्तकों की मदद से हमारी अनेक समस्याएं स्वतः हल होने लगती हैं। इसलिए पुस्तकों के पास रहें, ग्रंथों का अध्ययन करें और नियमित स्वाध्याय की आदत विकसित करें। जीवन की उन्नति और उत्कर्ष से हम तब दूर हो जाते हैं, जब हम आलस्य के कारण पुस्तकों के प्रति उदासीन हो जाते हैं। अतः पुस्तकों के प्रति उत्साह जगाएं और निरंतर अध्ययन करते रहें।

आज जूनापीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद जी गिरि के जीवन सूत्र में जानिए भय-भ्रम दूर करके आनंद कैसे मिल सकता है?

आज का जीवन सूत्र जानने के लिए ऊपर फोटो पर क्लिक करें।

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