भारत और पाकिस्तान के बीच 10 मई को सीजफायर का एलान कर दिया गया। इन सबके बीच पाकिस्तान की तरफ से लगातार झूठ फैलाने का काम किया जा रहा है। पाकिस्तान के सोशल मीडिया अकाउंट के साथ-साथ अब पाकिस्तान की आर्मी भी झूठ का प्रचार करने में पीछे नहीं है। पाकिस्तानी सेना की तरफ से भारतीय मीडिया की अधूरी क्लिप के जरिए पाकिस्तान में अपनी जीत दिखाने का दावा किया जा रहा है। आइए पाकिस्तान के द्वारा फैलाए जा रहे कुछ ऐसे ही झूठ की पड़ताल करते हैं…
1 झूठ- भारतीय एयरफील्ड को नष्ट कर दिया गया है
पाकिस्तानी सेना ने युद्ध की जानकारी देने के लिए प्रेस ब्रीफिंग की। इस ब्रीफिंग में पाकिस्तान के तीनों सेना के अधिकारियों ने पाकिस्तान के द्वारा किए गए हमले में भारत को कितना नुकसान हुआ इसकी जानकारी दी। साथ ही सेना ने यह कार्रवाई कैसे की इसके बारे में भी जानकारी दी। इसी प्रेस ब्रीफिंग में पाकिस्तानी सेना के वर्तमान प्रवक्ता लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ चौधरी ने आजतक न्यूज चैनल की एक क्लिप दिखाई जिसे पाकिस्तान के समर्थन में भारत के विरोध में पेश किया गया।
फैक्ट चेक
इस वीडियो की पड़ताल करते हुए पीआईबी ने एक्स पर पोस्ट किया। पीआईबी ने इस वीडियो को खंडन करते हुए बताया कि अधूरे वीडियो को दिखाकर भारत के बारे में भ्रामक जानकारियां फैलाई जा रही हैं। प्रेस ब्रीफिंग में न्यूज क्लिप के पूरे वीडियो को नहीं बल्कि अधूरे वीडियो के जरिए प्रेस और पाकिस्तान में लोगों को भारत के बारे में गलत जानकारी दी गई। पीआईबी की तरफ से पाकिस्तान के झूठ के वीडियो को पोस्ट भी किया है इसका लिंक आप यहां देख सकते हैं।
पाकिस्तानी सेना द्वारा दिखाए गए वीडियो में एंकर कहते हुए सुनाई दे रही है कि घबराहट तो लोगों की नजर आ रही है क्योंकि तमाम एयर बेस ध्वस्त होते हुए नजर आ रहे हैं आग के गोलो में बदले हुए नजर आ हे हैं। सबसे ज्यादा जो चर्चा ये है कि जो अपने एयर बेस को नहीं बचा सकते वो अपनी जनता को क्या बचाएंगे। असल वीडियो जो पीआईबी की तरफ से पोस्ट किया गया है उसमें एंकर बोलती हुई नजर आ रही है कि पाकिस्तान की तरफ से तमाम एयरपोर्ट को बंद कर दिया गया है। और जो वीडियो सामने आ रहे हैं पाकिस्तान की जो जनता है तो घबराहट तो लोगों की नजर आ रही है कि तमाम एयर बेस ध्वस्त होते हुए नजर आ रहे हैं आग के गोलो में बदले हुए नजर आ रहे हैं। सबसे ज्यादा जो चर्चा ये है कि जो अपने एयर बेस को नहीं बचा सकते वो अपनी जनता को क्या बचाएंगे।
In its media briefing, the DG ISPR of Pakistan used a small part of a full video clip of Aaj Tak News Channel to claim Indian airfield has been destroyed.
This is an attempt by #Pakistan to mislead its own people by producing doctored footage as evidence.
The actual story in… pic.twitter.com/Bm2mKd12IO
— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) May 12, 2025
2. झूठ- पाकिस्तान का कई बड़े एयर बेस पर हमला
पाकिस्तानी सेना ने युद्ध की जानकारी देने के लिए प्रेस ब्रीफिंग की। इस ब्रीफिंग में पाकिस्तान के तीनों सेना के अधिकारियों ने पाकिस्तान के द्वारा किए गए हमले में भारत को कितना नुकसान हुआ इसकी जानकारी दी। साथ ही सेना ने यह कार्रवाई कैसे की इसके बारे में भी जानकारी दी। इसी के साथ उन्होंने इंडिया टीवी के एक क्लिप का इस्तेमाल यह बताकर शेयर करना चाहा कि पाकिस्तान ने भारत के कई बड़े एयरबेस जैसे पठानकोट, उदमपुर, श्रीनगर के पास अवंतिपुर, सिरसा एयर बेस को टारगेट किया है।
फैक्ट चेक
इस वीडियो की पड़ताल करते हुए पीआईबी ने एक्स पर पोस्ट किया। पीआईबी ने इस वीडियो को खंडन करते हुए बताया कि अधूरे वीडियो को दिखाकर भारत के बारे में भ्रामक जानकारियों फैलाई जा रही हैं। प्रेस ब्रीफिंग में न्यूज क्लिप के पूरे वीडियो को नहीं बल्कि अधूरे वीडियो को के जरिए प्रेस और पाकिस्तान में लोगों को भारत के बारे में गलत जानकारी लोगों दी गई। पीआईबी की तरफ से पाकिस्तान के झूठ को वीडियो को पोस्ट भी किया है इसका लिंक आप यहां देख सकते हैं।
Pakistani military in its briefing has shown a video clip aired on @IndiaTV News Channel implying that Indian channels have admitted to destruction of Indian airbases.
This is an attempt by #Pakistan to mislead its own people by editing and cleverly stitching multiple chunks of… pic.twitter.com/eNfzk7SPTM
— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) May 12, 2025
न्यूज क्लिप में बताया गया है कि पाकिस्तान की तरफ से भारत के बड़े एयरबेस जैसे पठानकोट, उदमपुर, श्रीनगर के पास अवंतीपुर, सिरसा एयर बेस को टारगेट करने की कोशिश की। लेकिन भारत की तरफ से उसके सारे हमलों को निष्क्रिय कर दिया गया। इसकी रिपोर्ट में एक निष्क्रिय मिसाइल का मलबा भी दिखाई दे रहा है जिसे हटाया जा रहा। आगे रिपोर्ट में बताया जा रहा है कि पाकिस्तान से कॉम्बेट एयरक्राफ्ट से यह हमले करने की कोशिश की थी जिसे मार गिराया गया है।
3 झूठ- उधमपुर में भारी विस्फोट
11 मई 2025 को विक्रांत नाम के एक एक्स यूजर ने पोस्ट करते हुए लिखा कि उधमपुर में भारी विस्फोट की खबरें आ रही है, जिसकी अधिक जानकारी के लिए अभी इंतजार किया जा रहा है। ये पोस्ट तब सामने आया था जब भारत और पाकिस्तान की तरफ से सीजफायर की घोषणा कर दी गई थी।

फैक्ट चेक
इस दावे के बारे पीआईबी ने एक्स पर पोस्ट करके खंडन किया। पीआईबी की तरफ से पोस्ट करके बताया गया कि उधमपुर में भारी विस्फोट होने के झूठे दावे को सोशल मीडिया पर शेयर किया जा रहा है। बताया गया कि उधमपुर में कोई विस्फोट नहीं हुआ है। ये अफवाह दहशत पैदा करने के लिए फैलाई जा रही है। इस तरह की कोई भी तस्वीर शेयर न करें जिसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई हो।
आगे हमें सर्च करने पर कई मीडिया रिपोर्ट देखने को मिलीं जिसमें 10 मई 2025 को पुंछ, राजौरी, अखनूर और उधमपुर में धमाके सुनाई दिए। जबकि, शेयर किए गए एक्स पोस्ट मेंं 11 मई को धमाके होने का दावा किया गया था। 11 मई को उधमपुर में कोई धमाका होने की मीडिया रिपोर्ट हमें दिखाई नहीं दी।
4 झूठ- पाकिस्तान ने फाइटर पायलट को पकड़ा
अल जजीरा के रिपोर्टर कमाल हैदर ने इस्लामाबाद से रिपोर्टिंग करते हुए यह दावा किया था कि पाकिस्तान ने एक भारतीय महिला फाइटर पायलट को पकड़ लिया है। पाकिस्तान की सरकार का हवाला देते हुए बताया गया था कि पाकिस्तान ने दो फाइटर जेट को गिरा दिया है और एक महिला फाइटर पायलट को पकड़ लिया है।

फैक्ट चेक
पीआईबी ने इस दावे का खंडन किया है। पीआईबी की तरफ से पाकिस्तान की सेना की ब्रीफिंग का हवाला देते हुए बताया कि पाकिस्तान में किसी भी महिला फाइटर पायलट को नहीं पकड़ा गया है। प्रेस वार्ता के दौरान पाकिस्तान के डीजी आईएसपीआर अहमद शरीफ चौधरी ने भी यह बयान दिया था कि भारत के किसी भी फाइटर पायलट को पाकिस्तान में नहीं पकड़ा गया है।
साथ ही हमें इस तरह की कोई भी भारतीय मीडिया रिपोर्ट नहीं मिली जिसमें यह बताया गया हो कि पाकिस्तान ने भारत की महिला पायलट को पकड़ लिया है।
5 भारत को पाकिस्तान से ज्यादा नुकसान
सीएनएन के नाम से एक ग्राफिक शेयर किया जा रहा है, जिसमें पाकिस्तान और भारत को लड़ाई में हुए नुकसान का डाटा दिया गया है। इसमें जेट, एयरबेस, ड्रोन, सैनिक, नागरिक, टैंक, वायु नुकसान के बारे में जानकारी दी गई है। इसमें भारत को ज्यादा नुकसान होता हुआ नजर आ रहा है।

फैक्ट चेक
इस दावे की जांच करते हुए पीआईबी की तरफ से बताया गया कि यह दावा झूठा है। इस तरह का कोई भी डाटा सीएनएन की तरफ से नहीं किया गया है। भारत की सेना की तरफ से जितनी भी प्रेस ब्रीफिंग अब तक हुई है उनमें से किसी में भी दोनों तरफ से हुए नुकसान का विस्तृत ब्यौरा नहीं दिया गया है। पीआईबी का तरफ से बताया गया कि यह इन्फोग्राफिक नकली है और दुष्प्रचार अभियान का हिस्सा है। सीएनएन ने कभी भी इस तरह की तुलना करने वाली ऐसी कोई स्टोरी या इन्फोग्राफिक नहीं चलाया।








