सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है। यह वीडियो केबल न्यूज नेटवर्क (सीएनएन) का है। इस क्लिप में एक महिला पत्रकार एक घटना याद करती है, जिसमें मुंबई गेटवे ऑफ इंडिया के पास साक्षात्कार के दौरान भीड़ ने उसके साथ छेड़छाड़ की थी। सोशल मीडिया पर इस वीडियो को शेयर कर दावा किया जा रहा है कि यह घटना हाल ही में हुई है।
अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में इस दावे को गलत पाया है। दरअसल, यह घटना 16 साल पहले 26/11 मुंबई हमले के दौरान की है। सीएनएन की महिला पत्रकार सारा सिडनर उस दौरान मुंबई हमले की रिपोर्टिंग कर रहीं थीं। उसी समय उनके साथ छेड़छाड़ का मामला सामने आया था।
दावा क्या हो रहा है
सोशल मीडिया पर वीडियो को शेयर कर दावा किया जा रहा है कि हाल ही में एक महिला पत्रकार के साथ छेड़छाड़ की घटना हुई है।
तनमोय (@tanmoyofc) नाम के एक्स यूजर ने लिखा “यह बेहद भयावह है मुंबई में लाइव सीएनएन प्रसारण के दौरान, ब्लैकआउट ने पूरी तरह से अराजकता फैला दी क्योंकि पुरुषों ने कथित तौर पर सीएनएन महिला रिपोर्टर के साथ यौन उत्पीड़न किया। हंगामे के बीच ऑडियो में कैद उसकी मदद के लिए चीखें सुनी जा सकती हैं”। पोस्ट का लिंक आप यहां और आर्काइव लिंक यहां देख सकते हैं।
इसी तरह के कई और दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इसकी आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
पड़ताल
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले वीडियो के कीफ्रेम्स को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। इस दौरान हमें सीएनएन की एक रिपोर्ट मिली थी। रिपोर्ट 24 अगस्त 2013 को प्रकाशित हुई है। रिपोर्ट में पत्रकार और लेखक सनी हुंडल के साथ सीएनएन की सारा सिडनर से भारत में बढ़ती सामूहिक बलात्कार की घटनाओं के बारे में बात करते हैं। रिपोर्ट के दौरान पत्रकार सारा सिडनर ने बताया कि उन्होंने पांच साल तक सीएनएन की भारत संवाददाता के रूप में काम किया। एक पुराने अनुभव को याद करते हुए उन्होंने बताया कि 2008 में 26/11 के मुंबई आतंकी हमलों के दौरान, जब वह एक साक्षात्कार कर रही थीं, तभी अचानक लाइट चली गई। उस समय उनके साथ छेड़छाड़ की गई थी।
सके बाद हमने वीडियो में इस्तेमाल कीवर्ड से सर्च किया है। इस दौरान हमें हुफ पोस्ट की रिपोर्ट मिली। इसमें बताया गया कि मुंबई में घेराबंदी के दूसरे दिन मीडिया के कुछ सदस्य खुद को स्थानीय गुस्से के बीच पा रहे हैं। सीएनएन की सारा सिडनर नई दिल्ली की संवाददाता हैं। सिडनर ताज होटल में स्थिति के बारे में रिपोर्टिंग कर रही थीं, तभी कई स्थानीय लोगों ने उनके लाइव में बाधा डालना शुरू कर दिया।
आगे के पड़ताल में हमें एडविक की एक रिपोर्ट मिली। रिपोर्ट के अनुसार सिडनर जब ताज होटल में स्थिति के बारे में रिपोर्टिंग कर रही थीं, तभी कई स्थानीय लोगों ने उनके लाइव शो में बाधा डालना शुरू कर दी। सिडनर ने बाद में बताया कि जब हम बाहर खड़े थे, तो लोगों का एक बड़ा समूह आया, उनमें से कई युवा थे, जिनसे शराब की गंध आ रही थी। वे बहुत करीब खड़े थे और अचानक अराजकता फैलाने लगे।
पड़ताल का नतीजा
हमारी पड़ताल में वायरल वीडियो का वर्तमान समय से कोई संबंध नहीं है। वायरल वीडियो 16 वर्ष पुराना है। इसे हालिया बताकर भ्रामक दावा किया जा रहा है।








