होली के रंग और पकवानों की मिठास का आनंद लेते समय सावधानी बरतने का सुझाव चिकित्सकों ने दिया है। बरेली के वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. राहुल वाजपेयी के मुताबिक बाजार में सिंथेटिक रंगों को हर्बल बताकर बिक्री हो रही है। इनके आंख या मुंह में पहुंचने पर सेहत बिगड़ने की आशंका रहती है। वहीं, मिलावटी या अधिक तैलीय, चटपटा खाने से हाजमा बिगड़ सकता है। इसलिए खानपान में भी एहतियात बरतना बेहद जरूरी है।
रंग खेलते समय रखें ध्यान
– रंग खेलने से पूर्व नारियल या सरसों का तेल त्वचा पर लगाएं, ताकि रंग जल्दी उतर सके।
– रंग साफ करने के लिए उबटन व प्राकृतिक चीजों का प्रयोग करें। साबुन रगड़ने से बचें।
– पूरी आस्तीन के कपड़े और चश्मा पहनकर ही रंग खेलें। त्वचा ज्यादा न रगड़ें।
– आंखों में रंग पड़े तो ठंडे पानी से साफ करें। दर्द बना रहे तो डॉक्टर को दिखाएं।
– रंग खेलते समय गंदे पानी या कीचड़ का प्रयोग न करें। बच्चे, बुजुर्ग सतर्क रहें।
खानपान में रखें ध्यान
– बाजार की खाद्य सामग्री का संतुलित सेवन करें। मिलावट हो सकती है।
– बेहद तला-भुना, चटपटा, बासी भोजन खाने से बचें। मिठाई कम खाएं।
– भोजन के साथ सलाद और बाद में एक फल खाएं। हाजमा सही रहेगा।
– रंग, गुलाल खेलने से मुंह सूखता है। पानी पिएं ताकि डिहाइड्रेशन न हो।
– किसी वजह से सेहत बिगड़े तो पास के अस्पताल में डॉक्टर को दिखाएं।








