महाराजपुर के कंधईखेड़ा गांव में 10 फीट जमीन को लेकर दो भाइयों के बीच चल रहा छह साल पुराना विवाद शुक्रवार को हिंसक हो गया। बड़े भाई और उसके परिवार के लोगों ने छोटे भाई के घर में घुसकर उसकी पत्नी और अन्य महिलाओं पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। महज दो घंटे पहले जन्मे नवजात को डंडा लगने उसकी मौत हो गई। सूचना पर घर पहुंचे नवजात के पिता को भी जमकर पीटा। उन्हें गंभीर हालत में उर्सला में भर्ती कराया गया। पिता की तहरीर पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्जकर नवजात के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
कंधईखेड़ा गांव निवासी महेंद्र किसान हैं। परिवार में पत्नी ज्योति और चार साल का बेटा है। शुक्रवार सुबह करीब 6:30 बजे घर पर ही डिलीवरी के दौरान ज्योति ने दूसरे बेटे को जन्म दिया। परिजन के मुताबिक महेंद्र और उसके बड़े भाई सुरेंद्र के बीच करीब छह साल से 10 फीट जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। आरोप है कि सुबह करीब नौ बजे महेंद्र किसी काम से घर से बाहर गया था। पड़ोस में रहने वाला महेंद्र का बड़ा भाई सुरेंद्र अपने बेटे शिवा, बेटी सोनम, पुष्पेंद्र, लाल उर्फ शिवा और अन्य के साथ घर पहुंचा।
कमरे में घुसकर ज्योति को पीटा। वहां मौजूद महिलाओं ने विरोध किया तो उन्हें भी लाठी-डंडों से पीटा गया। आरोप है कि मारपीट के दौरान एक डंडा नवजात को लग गया जिससे उसकी एक बार चीख निकलने के बाद मौके पर ही मौत हो गई। महेंद्र घर पहुंचा तो आरोपियों ने उसे घेरकर लाठी-डंडों से जमकर पीटा। इससे गंभीर चोट लगने से उसके हाथ-पैर में फ्रैक्चर हो गया। ग्रामीण मौके पर पहुंचे तो आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए फरार हो गए। महाराजपुर इंस्पेक्टर जनार्दन सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज की गई थी। अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर धारा की बढ़ोतरी की जाएगी।







