पिछली कड़ियों में हमने देखा कि हिंदू आख्यानों में प्राणियों की भूमिका केवल देवी-देवताओं के वाहनों तक सीमित नहीं है। वे उनके स्वभाव, शक्तियों और उनसे जुड़े विचारों के प्रतीक भी बनते हैं। किसी प्राणी में एकाग्रता दिखाई देती है तो कोई विवेक का प्रतीक बनता है। कहीं वह शक्ति और पौरुष को दर्शाता है […]




