मनुष्य के छह शत्रुओं में एक लोभ भी है। इसका अर्थ है अतिरिक्त लालसा, अनुचित की मांग। यह धन, पद, वस्तु, शरीर- इन पर काम करता है। मोटे तौर पर लोभ और लालच एक ही हैं। छोटा-सा फर्क ये है कि लोभ, यानी जो आपके पास है, उसको और बढ़ाएं। और लालच, यानी जो दूसरों […]





