एमपी/एमएलए कोर्ट ने बृहस्पतिवार को स्वामी प्रसाद मौर्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया। 22 जनवरी को स्वामी प्रसाद मौर्य ने श्रीरामचरित मानस पर टिप्पणी की थी। कहा था कि तुलसीदास ने खुद की प्रसन्नता के लिए इसे लिखा है। इसे कोई नहीं पढ़ता है।


एमपी/एमएलए कोर्ट ने बृहस्पतिवार को स्वामी प्रसाद मौर्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया। 22 जनवरी को स्वामी प्रसाद मौर्य ने श्रीरामचरित मानस पर टिप्पणी की थी। कहा था कि तुलसीदास ने खुद की प्रसन्नता के लिए इसे लिखा है। इसे कोई नहीं पढ़ता है।