![]()
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई दिल्ली कैबिनेट की बैठक में कांवड़ यात्रा-2026 के लिए कांवड़ समितियों को दी जाने वाली आर्थिक सहायता बढ़ाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई। सरकार ने श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या, शिविरों के बढ़ते संचालन खर्च और बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से सभी श्रेणियों के कांवड़ शिविरों की अनुदान राशि में वृद्धि का फैसला लिया है। कैबिनेट के निर्णय के अनुसार, 20,000 वर्गफुट से अधिक क्षेत्रफल में 6 से 12 दिन तक संचालित होने वाले बड़े कांवड़ शिविरों को अब अधिकतम ₹15 लाख तक की आर्थिक सहायता दी जाएगी। इसके अलावा अन्य सभी श्रेणियों के शिविरों की अनुदान राशि में भी बढ़ोतरी की गई है। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया कि कांवड़ समितियों को पहले की तरह 1,200 यूनिट तक मुफ्त बिजली की सुविधा मिलती रहेगी। सीएम ने कहा सरकार का उद्देश्य कांवड़ समितियों को पर्याप्त सहयोग देकर श्रद्धालुओं के लिए सुरक्षित, सुव्यवस्थित और बेहतर व्यवस्थाएं सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि महंगाई और हर वर्ष बढ़ रही कांवड़ यात्रियों की संख्या को देखते हुए अनुदान बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। सरकार ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय के लिए सिंगल विंडो सिस्टम पहले की तरह लागू रहेगा। इसके तहत शिविरों को अनुमति, बिजली, पानी और अन्य आवश्यक सेवाओं से जुड़े कार्यों में सुविधा मिलेगी। यात्रा के दौरान सफाई व्यवस्था, पेयजल, मोबाइल शौचालय, स्वास्थ्य सेवाएं, एंबुलेंस, निर्बाध बिजली आपूर्ति, सुरक्षा व्यवस्था और ट्रैफिक प्रबंधन को भी मजबूत किया जाएगा। सरकार का कहना है कि सभी संबंधित विभागों को समयबद्ध तैयारियां पूरी करने और श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न होने देने के निर्देश दिए गए हैं।
Source link








