10 घंटे पहलेलेखक: शिवाकान्त शुक्ल
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आपने अक्सर देखा होगा कि कुछ लोगों के चेहरे पर काले रंग के बेहद बारीक दाने नजर आते हैं। इन्हें ब्लैकहेड्स (Blackheads) कहा जाता है।
यह एक आम, लेकिन अक्सर नजरअंदाज की जाने वाली स्किन प्रॉब्लम है। लेकिन कई बार ये व्यक्ति के आत्मविश्वास को भी प्रभावित करती है। कुछ लोग तो इसकी वजह से दूसरों के सामने जाने से भी कतराते हैं। ऐसे में लंबे समय में यह समस्या मेंटल हेल्थ पर भी बुरा प्रभाव डालती है।
बता दें कि ब्लैकहेड्स एक्ने यानी मुंहासों का ही एक प्रकार है। नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन में पब्लिश एक स्टडी के मुताबिक, एक्ने (Acne) सबसे आम स्किन कंडीशन में से एक है, जो 85% से अधिक टीनएजर्स को प्रभावित करता है। हालांकि कुछ सावधानियों को अपनाकर इस समस्या से काफी हद तक बचा जा सकता है।
तो चलिए, आज जरूरत की खबर में हम ब्लैकहेड्स के बारे में विस्तार से बात करेंगे। साथ ही जानेंगे कि-
- ब्लैकहेड्स क्या हैं और ये क्यों होते हैं?
- चेहरे से ब्लैकहेड्स हटाने के सुरक्षित तरीके क्या हैं?
- क्या इन्हें हमेशा के लिए खत्म किया जा सकता है?
एक्सपर्ट: डॉ. संदीप अरोड़ा, सीनियर कंसल्टेंट डर्मेटोलॉजी, अपोलो स्पेक्ट्रा हॉस्पिटल, दिल्ली
सवाल- ब्लैकहेड्स क्या हैं?
जवाब- ब्लैकहेड्स स्किन पर दिखाई देने वाले छोटे-छोटे काले दाने होते हैं, जो चेहरे (खासतौर पर नाक और ठुड्डी) पर नजर आते हैं। ये तब होते हैं, जब रोमछिद्र यानी पोर्स सीबम (तेल), डेड स्किन सेल्स और गंदगी से बंद हो जाते हैं। हवा के संपर्क में आने पर ऑक्सीडेशन की वजह से इनका रंग काला हो जाता है।
कुल मिलाकर ब्लैकहेड्स मुंहासों का ही एक हल्का रूप हैं, जो दर्द नहीं करते हैं। लेकिन स्किन की बनावट और लुक पर असर डालते हैं। ब्लैकहेड्स आमतौर पर किशोरों को प्रभावित करते हैं, लेकिन ये किसी भी उम्र में हो सकते हैं।
सवाल- ब्लैकहेड्स किन कारणों से होते हैं?
जवाब- स्किन की अंदरूनी प्रक्रियाएं और हमारी रोजमर्रा की आदतें, दोनों मिलकर ब्लैकहेड्स की समस्या बढ़ा सकती हैं। यह कोई गंभीर समस्या नहीं है, लेकिन इसके कारणों को समझकर आसानी से बचाव किया जा सकता है। नीचे दिए ग्राफिक से इसके कारणों को समझिए-

आइए, अब इन पॉइंट्स को थोड़ा विस्तार से समझते हैं।
स्किन में ज्यादा सीबम का बनना
जब स्किन की सेबेसियस ग्लैंड्स (Sebaceous glands) जरूरत से ज्यादा सीबम बनाती हैं तो यह रोमछिद्रों में जमा होकर ब्लैकहेड्स का कारण बनते हैं।
डेड स्किन सेल्स का जमाव
अगर पुरानी और डेड स्किन सेल्स को समय पर साफ न किया जाए तो ये रोमछिद्रों को बंद कर देती हैं, जिससे ब्लैकहेड्स की संभावना बढ़ जाती है।
हाॅर्मोनल असंतुलन
किशोरावस्था, पीरियड्स, प्रेग्नेंसी या तनाव के दौरान हाॅर्मोन में बदलाव होता है। इससे स्किन में सीबम बढ़ सकता है और ब्लैकहेड्स हो सकते हैं।
स्किन पर बैक्टीरिया की मौजूदगी
कुछ बैक्टीरिया रोमछिद्रों को संक्रमित कर सूजन और ब्लॉकिंग का कारण बनते हैं, जिससे ब्लैकहेड्स हो सकते हैं।
गलत स्किन केयर प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल
ऐसे स्किन प्रोडक्ट्स जो बहुत हैवी होते हैं या रोमछिद्रों को बंद कर सकते हैं (जैसे कॉमेडोजेनिक क्रीम्स), वे ब्लैकहेड्स की समस्या को बढ़ा सकते हैं।
हाइजीन की कमी
चेहरे को सही तरीके से साफ न करना या बार-बार चेहरे को छूना, गंदगी और बैक्टीरिया को रोमछिद्रों तक पहुंचाता है, जिससे ब्लैकहेड्स हो सकते हैं।
सवाल- ब्लैकहेड्स के क्या लक्षण हैं?
जवाब- ब्लैकहेड्स में स्किन पर छोटे-छोटे काले या गहरे भूरे रंग के दाने दिखाई देते हैं। ब्लैकहेड्स टच करने पर थोड़े उभरे हुए महसूस होते हैं। इनमें आमतौर पर सूजन या दर्द नहीं होता है। स्किन की बनावट असमान या खुरदुरी महसूस हो सकती है।
ब्लैकहेड्स मुंहासों का ही एक प्रकार है। लेकिन इनमें सूजन नहीं होती और ये स्किन के भीतर धंसे नहीं होते हैं, जिससे इन्हें पिंपल या मुंहासों से अलग पहचानना आसान होता है।

सवाल- ब्लैकहेड्स का इलाज कैसे किया जाता है?
जवाब- ब्लैकहेड्स का इलाज स्किन की स्थिति और गंभीरता के अनुसार किया जाता है। हल्के मामलों में घरेलू देखभाल और ओवर-द-काउंटर दवाएं कारगर होती हैं।
अगर ब्लैकहेड्स गहरे और जिद्दी हों तो डर्मेटोलॉजिस्ट कुछ थेरेपी दे सकते हैं। इसमें प्रिस्क्रिप्शन-स्ट्रेंथ रेटिनोइड्स, ओरल एंटीबायोटिक्स, माइक्रोडर्माब्रेशन, केमिकल पील्स और लेजर स्किन रिसर्फेसिंग जैसे विकल्प शामिल हैं।
ये तकनीकें स्किन की ऊपरी लेयर को हटाकर रोमछिद्रों को साफ करती हैं और सेबेसियस ग्लैंड्स की एक्टिवनेस को कंट्रोल करती हैं, जिससे ब्लैकहेड्स बनने की संभावना कम हो जाती है।
सवाल- ब्लैकहेड्स शरीर के किन हिस्सों पर सबसे ज्यादा होते हैं?
जवाब- ब्लैकहेड्स आमतौर पर नाक, ठुड्डी, माथे, गाल, गर्दन, पीठ और छाती पर होते हैं। कुछ मामलों में ये जांघ, कान या बगल में भी हो सकते हैं।
सवाल- ब्लैकहेड्स हमारी सेहत को कैसे प्रभावित करते हैं?
जवाब- ब्लैकहेड्स हमारी हेल्थ को गंभीर रूप से प्रभावित नहीं करते हैं। लेकिन ये आत्मविश्वास में कमी, स्ट्रेस, डिप्रेशन और एंग्जाइटी जैसी मेंटल प्रॉब्लम्स पैदा कर सकते हैं।
सवाल- ब्लैकहेड्स से कैसे बचा जा सकता है?
जवाब- इसके लिए स्किन की सही देखभाल और रोजमर्रा की आदतों पर ध्यान देना जरूरी है। संतुलित खानपान, सही स्किन केयर रूटीन और साफ-सफाई से इस समस्या से काफी हद तक बचा जा सकता है। इसे नीचे दिए ग्राफिक से समझिए-

सवाल- क्या ब्लैकहेड्स खुद-ब-खुद चले जाते हैं?
जवाब- कभी-कभी हल्के ब्लैकहेड्स नियमित साफ-सफाई से समय के साथ खुद-ब-खुद साफ हो सकते हैं। लेकिन जब ये गहराई तक होते हैं तो खुद नहीं जाते हैं। अगर इन्हें अनदेखा किया जाए तो ये लंबे समय तक रोमछिद्रों में जमे रह सकते हैं और धीरे-धीरे ये पिंपल्स या इन्फेक्शन में भी बदल सकते हैं। इसलिए डर्मेटोलॉजिस्ट की सलाह लेना बेहतर है।
सवाल- क्या ब्लैकहेड्स को निचोड़ना सही है?
जवाब- डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. संदीप अरोड़ा बताते हैं कि ब्लैकहेड्स को निचोड़ने या दबाने से स्किन इन्फेक्शन, सूजन या दाग-धब्बे हो सकते हैं।
सवाल- क्या ब्लैकहेड्स को ठीक करने के लिए कोई घरेलू उपाय मददगार हैं?
जवाब- हां, ब्लैकहेड्स को रोकने और कम करने के लिए कुछ घरेलू उपाय मददगार हो सकते हैं, बशर्ते इन्हें नियमित और सावधानी से किया जाए। हालांकि ये उपाय हर किसी की स्किन पर एक जैसे असर नहीं करते हैं, फिर भी शुरुआत में इन्हें आजमाया जा सकता है। जैसेकि-
- चेहरे पर 5–10 मिनट तक भाप देने से रोमछिद्र खुलते हैं और ब्लैकहेड्स साफ करना आसान होता है।
- बेकिंग सोडा स्क्रब एक नैचुरल एक्सफोलिएटर है। लेकिन सेंसिटिव स्किन पर इससे जलन हो सकती है, इसलिए पहले पैच टेस्ट जरूर करें।
- टी ट्री ऑयल बैक्टीरिया के ग्रोथ को रोक या बंद कर सकता है। इसे थोड़ी मात्रा में कॉटन पर लगाकर ब्लैकहेड्स पर रगड़ें।
- चीनी या नमक के स्क्रब स्किन की सतह से डेड सेल्स को हटाते हैं। इसे प्रभावित हिस्से पर लगाएं और 30 सेकेंड तक मालिश करें। इसके बाद चेहरे को पानी से धो लें।
सवाल- किस स्थिति में डॉक्टर को दिखाना जरूरी है?
जवाब- अगर ब्लैकहेड्स लंबे समय से हैं, बढ़ते जा रहे हैं या मानसिक तनाव का कारण बन रहे हैं तो किसी डर्मेटोलॉजिस्ट से तुरंत संपर्क करें।
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