ऑटो-ट्रांसपोर्ट

ट्रेंट के चेयरमैन नोएल टाटा 29 साल बाद रिटायर होंगे: बहराम वकील 12 नवंबर से कमान संभालेंगे; राजीव दुबे और कल्पना मर्चेंट बोर्ड में शामिल

Spread the love




टाटा ग्रुप की रिटेल कंपनी ट्रेंट लिमिटेड के चेयरमैन और डायरेक्टर नोएल टाटा 11 नवंबर 2026 को अपने पद से रिटायर होंगे। वे इस पद पर 29 साल से काम कर रहे हैं। नोएल टाटा की जगह बहराम वकील जिम्मेदारी संभालेंगे। कंपनी ने गुरुवार को बताया कि योगदान को देखते हुए 12 नवंबर से नोएल टाटा चेयरमैन एमेरिटस यानी मानद चैयरमैन के रूप में नियुक्त रहेंगे। इसके अलावा वे टाटा संस के बोर्ड में टाटा ट्रस्ट्स के नॉमिनी डायरेक्टर भी पहले की तरह बने रहेंगे। यह बदलाव ऐसे समय पर हो रहा है, जब टाटा संस के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन के रीअपॉइंटमेंट, टाटा संस की लिस्टिंग और ग्रुप के गवर्नेंस नियमों को लेकर मतभेद चल रहा हैं। सवाल 1: यह बदलाव किस नियम या प्रक्रिया के तहत हुआ है? जवाब: ट्रेंट के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की बैठक में इन बदलावों को टाटा ग्रुप की ‘कॉर्पोरेट गवर्नेंस गाइडलाइंस’ के तहत मंजूरी दी गई। यह गाइडलाइंस बोर्ड के गठन, समितियों के संचालन और निदेशकों की रिटायरमेंट उम्र और समय-सीमा से जुड़े नियम तय करती हैं। सवाल 2: 70 साल की उम्र में रिटायरमेंट का नियम क्या है? जवाब: टाटा समूह के गवर्नेंस फ्रेमवर्क के तहत एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर्स के लिए रिटायरमेंट की उम्र 65 साल और नॉन-एग्जीक्यूटिव/नॉन-इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स के लिए 70 साल है। नोएल टाटा 12 नवंबर को 70 साल के हो रहे हैं, इसलिए वे पॉलिसी का पालन करते हुए ऑपरेटिंग कंपनियों के बोर्ड से हट रहे हैं। सवाल 3: नोएल टाटा का कंपनी पर क्या असर पड़ा? जवाब: नोएल टाटा 29 साल से ट्रेंट लिमिटेड से जुड़े रहे हैं। उनकी लीडरशिप में कंपनी ने फैशन सेक्टर में एक शुरुआती खिलाड़ी से लेकर देश की अग्रणी रिटेल कंपनियों में जगह बनाई। उनके कार्यकाल में वेस्टसाइड और जुडियो जैसे ब्रांड्स ने भारत में तेजी से विस्तार किया और शेयरहोल्डर्स को लगातार रिटर्न दिया। सवाल 4: ट्रेंट के नए चेयरमैन बहराम वकील कौन हैं? जवाब: बहराम वकील 12 नवंबर 2026 से ट्रेंट लिमिटेड के नए चेयरमैन का पद संभालेंगे। वे कॉर्पोरेट दुनिया का एक जाना-माना नाम हैं और अब तक कंपनी के बोर्ड में बड़ी जिम्मेदारी निभा रहे थे। वे देश की मशहूर लॉ फर्म AZB Partners के को-फाउंडर्स में से एक रहे हैं। उन्हें बड़ी-बड़ी कंपनियों के प्रोजेक्ट्स, बैंकों के लोन रीस्ट्रक्चरिंग, कंपनियों की खरीद-बिक्री और दिवालियापन से जुड़े कानूनी मामलों में महारत हासिल है। सवाल 5: बोर्ड में क्या कोई नए डायरेक्टर शामिल किए गए हैं? जवाब: हां, बोर्ड ने दो नए दिग्गजों को शामिल किया है: सवाल 6: नए डायरेक्टर राजीव दुबे का बैकग्राउंड क्या है? जवाब: राजीव दुबे को ऑटोमोबाइल, रिटेल, माइंस, एनर्जी, टेक्सटाइल और फाइनेंस सेक्टर में 40 साल से ज्यादा का अनुभव है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत टाटा मोटर्स से की थी और बाद में वे कार बिजनेस के प्रेसिडेंट रहे। इसके बाद वे आदित्य बिड़ला ग्रुप के बोर्ड में एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर भी रहे हैं। सवाल 7: लीगल एक्सपर्ट कल्पना मर्चेंट का क्या अनुभव रहा है? जवाब: कल्पना मर्चेंट के पास वकालत और लीगल एडवाइजरी में 45 साल से ज्यादा का अनुभव है। वे कांगा एंड कंपनी, AZB एंड पार्टनर्स जैसी शीर्ष लॉ फर्म्स से जुड़ी रही हैं। वे कॉर्पोरेट प्रॉपर्टी, इंफ्रास्ट्रक्चर, प्रोजेक्ट फाइनेंस, बैंकिंग और MA (विलय और अधिग्रहण) मामलों की विशेषज्ञ मानी जाती हैं। सवाल 10: इन नियुक्तियों के लिए आगे क्या कानूनी प्रक्रिया बची है? जवाब: राजीव दुबे और कल्पना मर्चेंट की नियुक्तियों को ट्रेंट बोर्ड की ओर से मंजूरी मिल चुकी है, लेकिन अब इस पर शेयरधारकों की औपचारिक मुहर लगनी बाकी है।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *