मथुरा के बाजना-मुडलिया रोड पर दंगल देखकर लौट रहे गांव मुडलिया निवासी 32 वर्षीय अवनीश कुमार उर्फ रवनी पहलवान की हत्या के मामले में सोमवार को बड़ा खुलासा हुआ है। मृतक के बड़े भाई सत्यपाल ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया है कि सतेंद्र ने अपने भाई धीरेंद्र और चचेरे भाई रविंद्र के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया है। घटना के दौरान हमलावरों ने उसे भी जान से मारने की धमकी दी और बाजना की ओर फरार हो गए। सोमवार शाम पोस्टमार्टम के बाद अवनीश का शव गांव मुडलिया पहुंचा तो परिजनों में कोहराम मच गया। गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया गया। मृतक के बड़े भाई सत्यपाल ने मुखाग्नि दी।
मृतक के बड़े भाई सत्यपाल ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि रविवार को मैं और मेरा छोटा भाई अवनीश अपनी-अपनी बाइक से दंगल देखने गांव मुडलिया गए थे। दंगल समाप्त होने के बाद दोनों भाई अलग-अलग बाइक से अपने घरों के लिए रवाना हुए। अवनीश बाइक से कुछ आगे चल रहा था, जबकि मैं उसके पीछे था। शाम करीब साढ़े छह बजे मुडलिया और बाजना के बीच पहुंचते ही एक बाइक पर सवार सतेंद्र पुत्र जहान सिंह, धीरेंद्र पुत्र जहान सिंह और रविन्द्र पुत्र रामगोपाल ने उनकी बाइक को क्रॉस किया और तेजी से अवनीश की बाइक के पास पहुंच गए।
आरोप है कि बाइक पर बैठे सतेंद्र और बीच में बैठे धीरेंद्र ने तमंचे निकालकर अवनीश पर फायरिंग कर दी। गोलियां लगने से अवनीश बाइक समेत सड़क पर गिर पड़ा। अचानक हुई वारदात से वह घबरा गया और उसकी चीख निकल गई। तहरीर के अनुसार, हमलावरों ने उसे भी जान से मारने की धमकी दी और बाजना की ओर फरार हो गए। सत्यपाल ने भाई के पास पहुंचकर देखा तो उसकी मौके पर ही मौत हो चुकी थी। रास्ते से गुजर रहे लोगों ने भी घटना देखी।
प्रेम प्रसंग की रंजिश में हुई वारदात
पुलिस के अनुसार, हत्या के पीछे सतेंद्र की पत्नी और अवनीश के बीच लंबे समय से चले आ रहे प्रेम-प्रसंग की रंजिश सामने आई है। तहरीर में सत्यपाल ने बताया कि करीब दो-तीन वर्ष पहले सतेंद्र की पत्नी बबली उसे छोड़कर अवनीश के साथ महाराम गढ़ी में किराये के मकान में रहने लगी थी। सीओ अमरनाथ यादव ने बताया कि मृतक के भाई की तहरीर के आधार पर सतेंद्र, धीरेंद्र और रविंद्र के खिलाफ हत्या समेत अन्य सुसंगत धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की चार टीमें लगाई गई हैं।







