मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में उपहारों की खरीद प्रक्रिया बदली गई है। अब वधू को पायल और बिछिया खरीदने के लिए चार हजार रुपये सीधे उसके खाते में भेजे जाएंगे। पहले यह खरीद समाज कल्याण विभाग स्वयं करता था। इस योजना में प्रति जोड़े पर एक लाख रुपये खर्च होते हैं। इसमें 60 हजार रुपये वधू के खाते में जाते थे, जो अब 64 हजार रुपये हो जाएंगे। सामग्री खरीद पर 25 हजार रुपये की जगह 21 हजार रुपये खर्च होंगे।
शेष 15 हजार रुपये शादी की व्यवस्थाओं पर खर्च किए जाएंगे। सोमवार को जारी हुए आदेश में पायल-बिछिया को विभाग की खरीद सूची से हटा दिया गया है। लखनऊ में 1563 शादियों का लक्ष्य है, जिसके लिए अब तक 600 आवेदन आए हैं। समाज कल्याण अधिकारी अंजनी कुमार ने बताया कि पात्र कन्याएं ऑनलाइन आवेदन कर योजना का लाभ ले सकती हैं।
बदलाव की वजह चांदी की बढ़ती कीमतें
सामग्री खरीद नियमों में बदलाव का मुख्य कारण चांदी की बढ़ती कीमतें हैं। पहले उपहारों में करीब 30 ग्राम चांदी की पायल और 10 ग्राम की बिछिया दी जाती थी। इनकी खरीद पर लगभग चार हजार रुपये खर्च होते थे। वर्तमान में चांदी की कीमत लगभग ढाई लाख रुपये प्रति किलो है। नवीन शासनादेश के अनुसार, जेम पोर्टल पर टेंडर प्रक्रिया पूरी कर विवाह संपन्न कराए जाएंगे।