बहराइच की कोतवाली देहात के रायपुर राजा निवासी एक विवाहिता अपने मायके, थाना रानीपुर के कुट्टी गांव आई हुई थीं। बुधवार रात तबीयत खराब होने पर परिजन उसे एक झोलाछाप के पास ले गए। आरोप है कि इंजेक्शन लगाने के कुछ ही देर बाद उनकी हालत बिगड़ गई। मेडिकल कॉलेज ले जाने पर चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
रायपुर राजा निवासी संजनी पाठक (23) कुछ दिनों से अपने मायके कुट्टी गांव में रह रही थीं। बुधवार रात उन्हें बुखार, दर्द और अन्य स्वास्थ्य संबंधी शिकायतें होने लगीं। इस पर परिजन उन्हें रानीपुर बाजार स्थित एक झोलाछाप के क्लीनिक पर ले गए।
परिजनों के अनुसार, चिकित्सक ने बेहतर उपचार और शीघ्र स्वास्थ्य लाभ का भरोसा देकर इंजेक्शन लगाने की सलाह दी। इंजेक्शन लगाने के कुछ ही समय बाद संजनी की हालत बिगड़ने लगी और वह अचेत हो गईं। झोलाछाप ने भी इलाज से हाथ खड़े कर लिए। घबराए परिजन तत्काल महिला को मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने परीक्षण के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मृत्यु की सूचना के बाद परिजन बिना पोस्टमार्टम कराए शव लेकर घर जाने लगे। इस दौरान अस्पताल चौकी प्रभारी धीरेंद्र कुमार ने उन्हें रोक लिया। कुछ समय तक वहां गहमागहमी की स्थिति बनी रही। बाद में परिजन पोस्टमार्टम कराने के लिए राजी हो गए, इसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
सीएमओ बोले, जांच कर होगी कार्रवाई
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संजय कुमार शर्मा ने कहा कि जिले में झोलाछाप चिकित्सकों के विरुद्ध लगातार जांच अभियान चलाया जा रहा है तथा कई मामलों में प्राथमिकी भी दर्ज कराई गई है। उन्होंने बताया कि यह मामला अभी उनके संज्ञान में नहीं है। जानकारी मिलने पर जांच कराकर दोषी के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।








