सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया जा रहा है। इस वीडियो में लोगों की भीड़ एक ब्रिज पर खड़ी हुई नजर आ रही है। वे लोग जय श्री राम के नारे लगा रहे हैं। वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि पश्चिम बंगाल में भाजपा के विधानसभा चुनाव जीतने के बाद उसके कार्यकर्ता हावड़ा ब्रिज पर पहुंचकर जय श्री राम के नारे लगाते हुए नजर आ रहे हैं।
अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में इस दावे को गलत पाया है। हमारी पड़ताल में सामने आया कि इस दावे में किसी तरह की कोई सच्चाई नहीं है। जांच में सामने आया कि यह वीडियो पश्चिम बंगाल में भाजपा के चुनाव जीतने के बाद का नहीं है बल्कि होली के जश्न के दौरान का है।
क्या है दावा
वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि पश्चिम बंगाल में भाजपा कार्यकर्ताओं ने विधानसभा चुनाव जीतने के बाद हावड़ा ब्रिज पर पहुंचकर जय श्री राम के नारे लगाए।
Crimereportsearch723 नाम के एक यूट्यूब चैनल ने इस वीडियो को शेयर करके लिखा “भाजपा कार्यकर्ता हावड़ा ब्रिज पर जश्न मना रहे हैं।” पोस्ट का लिंक और आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
इस तरह के कई और दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इसके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
पड़ताल
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने वीडियो के कीफ्रेम्स को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। यहां हमें यह वीडियो irameshwararya नाम के एक इंस्टाग्रामक अकाउंट पर 9 मार्च को प्रकाशित मिला। वीडियो को शेयर करके लिखा गया था “कोलकाता बोले जय श्रीराम, नमः पार्वती पतये हर हर महादेव”
यहां से यह तो साफ हो गया कि वीडियो पश्चिम बंगाल में चुनाव के नतीजे आने के बाद का नहीं है। क्योंकि बंगाल और अन्य चार राज्यों के चुनाव के नतीजे 4 मई को आए थे। और यह वीडियो नतीजे आने से पहले यानी मार्च से ही इंटरनेट पर मौजूद है।
आगे हमें यह वीडियो mukeshshaw130 नाम के एक इंस्टाग्राम अकाउंट पर 1 मार्च को देखने को मिला। यहां इस वीडियो के साथ कैप्शन लिखा गया था “हावड़ा ब्रिज पर रोल्स रॉयस होली” इसके आगे लिखा गया था होली 2026, कोलकत्ता, रंगो का त्योहार।
इस साल होली का त्योहार 4 मार्च को मनाया गया था। और यह वीडियो 1 मार्च से इंटरनेट पर होली के नाम से तैर रहा है। यहां से यह साफ हो जाता है कि वीडियो कोलकाता के हावड़ा ब्रिज पर होली के किसी जश्न से संबंधित है न की चुनाव के नतीजों के दौरान का ।
पड़ताल का नतीजा
हमारी पड़ताल में यह साफ है कि वीडियो चुनावी नतीजों के पहले ने इंटरनेट पर मौजूद है।








