12:35 PM, 29-Apr-2026
पीएम मोदी ने किया गंगा एक्सप्रेसवे का उद्घाटन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरदोई में गंगा एक्सप्रेसवे का उद्घाटन किया। गंगा एक्सप्रेसवे 594 किलोमीटर लंबा, 6-लेन (जिसे 8-लेन तक बढ़ाया जा सकता है) वाला, एक्सेस-नियंत्रित ग्रीनफ़ील्ड हाई-स्पीड कॉरिडोर है, जिसे लगभग 36,230 करोड़ रुपये की कुल लागत से बनाया गया है।
12:29 PM, 29-Apr-2026
मंच पर पहुंचे पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरदोई में अपनी जनसभा में मौजूद लोगों का अभिवादन किया। PM मोदी हरदोई ज़िले में गंगा एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करेंगे। गंगा एक्सप्रेसवे 594 किलोमीटर लंबा, 6-लेन (जिसे 8-लेन तक बढ़ाया जा सकता है) वाला, एक्सेस-नियंत्रित ग्रीनफ़ील्ड हाई-स्पीड कॉरिडोर है, जिसे लगभग 36,230 करोड़ रुपये की कुल लागत से बनाया गया है।
12:25 PM, 29-Apr-2026
थोड़ी देर में गंगा एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करेंगे पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी थोड़ी देर में हरदोई में 594 किलोमीटर लंबे, एक्सेस-नियंत्रित ग्रीनफील्ड गंगा एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करेंगे। लगभग ₹36,230 करोड़ की कुल लागत से निर्मित, गंगा एक्सप्रेसवे से मेरठ और प्रयागराज के बीच यात्रा के समय में काफी कमी आने की उम्मीद है; यह समय मौजूदा 10-12 घंटों से घटकर लगभग 6 घंटे रह जाएगा।
#WATCH | Uttar Pradesh: Prime Minister Narendra Modi to shortly inaugurate the 594-km-long access-controlled Greenfield Ganga Expressway in Hardoi.
Built at a total cost of around ₹36,230 crore, the Ganga Expressway is expected to significantly reduce travel time between… pic.twitter.com/bHNp2nDdxa
— ANI (@ANI) April 29, 2026
12:23 PM, 29-Apr-2026
पीएम मोदी ने एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करने से पहले एक पौधा लगाया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरदोई में 594 किलोमीटर लंबे एक्सेस-कंट्रोल्ड ग्रीनफील्ड गंगा एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करने से पहले एक पौधा लगाया। लगभग ₹36,230 करोड़ की कुल लागत से बना गंगा एक्सप्रेसवे, मेरठ और प्रयागराज के बीच यात्रा के समय को मौजूदा 10-12 घंटे से घटाकर लगभग 6 घंटे कर देगा।
#WATCH | Uttar Pradesh: Prime Minister Narendra Modi plants a sapling ahead of inaugurating the 594-km-long access-controlled Greenfield Ganga Expressway in Hardoi
Built at a total cost of around ₹36,230 crore, the Ganga Expressway to significantly reduce travel time between… pic.twitter.com/93SUynpHsN
— ANI (@ANI) April 29, 2026
11:59 AM, 29-Apr-2026
किसानों को बैनामा के एवज में 815 करोड़ रुपये का किया गया भुगतान
भूमि अधिग्रहण के एवज में किसानों को करीब 815 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है। वहीं तहसील सवायजपुर के 43, शाहाबाद के छह और बिलग्राम के 39 गांवों से होकर गंगा एक्सप्रेसवे से गुजरेगा। हरदोई में गंगा एक्सप्रेसवे पर सवायजपुर में मुंडेर, बिलग्राम में जरौली शेरपुर और मल्लावां में श्यामपुर के पास कट दिए गए हैं। इससे गंगा एक्सप्रेसवे से आने और एक्सप्रेसवे पर जाने वाले लोगों को आसानी होगी। इन स्थानों पर ऑटोमेटेड टोल प्लाजा की भी स्थापना कराई गई है।
11:56 AM, 29-Apr-2026
7,000 किसानों से अधिग्रहीत की गई है 1,140 हेक्टेयर भूमि
वैसे तो गंगा एक्सप्रेसवे के लिए हरदोई सहित 12 जिलों में भूमि ली गई है। इसमें हरदोई में 99.100 किलोमीटर लंबाई में गंगा एक्सप्रेसवे व इसकी अवस्थापना सुविधाओं की स्थापना के लिए करीब 1,233 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहीत की गई है। इसमें 1,140 हेक्टेयर भूमि करीब 7,000 किसानों से आपसी समझौता के आधार पर सर्किल रेट के चार गुणा भुगतान पर बैनामा कराई गई है। वहीं गंगा एक्सप्रेसवे के दायरे में आने वाली सरकारी करीब 93 हेक्टेयर भूमि का प्रशासन ने पुनर्ग्रहण किया है।
11:54 AM, 29-Apr-2026
जिले में 1233 हेक्टेयर भूमि पर बना है 99.100 किमी गंगा एक्सप्रेसवे
हरदोई जिले में 99.100 किलोमीटर गंगा एक्सप्रेसवे बनवाए जाने के लिए करीब 1,233 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहीत की गई है। इसके एवज में 7,000 किसानों को 815 करोड़ रुपये सर्किल रेट का चार गुणा मूल्य का भुगतान किया गया है। अब लोकार्पण समारोह के लिए भी 144 हेक्टेयर भूमि अस्थाई तौर पर अधिग्रहीत की गई है। इसका भी किसानों को मुआवजा दिया जाएगा।
11:30 AM, 29-Apr-2026
विधानसभा चुनाव से पहले हुआ था एक्सप्रेसवे का शिलान्यास
गंगा एक्सप्रेसवे का शिलान्यास वर्ष 2022 के विधानसभा चुनावों की घोषणा से ऐन पहले हुआ था। तब शाहजहांपुर के रोजा रेल मैदान में 18 दिसंबर 2021 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसका शिलान्यास किया था। तब आस पास के कई जनपदों, जिसमें हरदोई भी शामिल है, इसके गवाह बने थे।
11:13 AM, 29-Apr-2026
मध्य उत्तर प्रदेश से पूरब और पश्चिम को आज साधेंगे प्रधानमंत्री
गंगा एक्सप्रेस-वे के लोकार्पण के जरिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को मध्य उत्तर प्रदेश से पूरब और पश्चिम को साधेंगे। दरअसल यह एक्सप्रेस-वे पूरब के प्रयागराज से पश्चिम के मेरठ को जोड़ता है। यह एक्सप्रेस-वे मध्य उत्तर प्रदेश के चार जिलों से भी निकला है। पिछले कुछ वर्ष से भले ही उत्तर प्रदेश में पूरब और पश्चिम की राजनीतिक लड़ाई सतह पर न रही हो, लेकिन अंदरखाने इसको लेकर चर्चा होती रहती है। कभी केंद्र तो कभी राज्य सरकार पर पश्चिम से ज्यादा महत्व पूरब को दिए जाने के आरोप लगते हैं, तो कभी यही आरोप पूरब की तरफ से भी लगते रहे हैं। अगले साल प्रदेश में विधानसभा चुनाव होने हैं। सूबे में पिछले दो चुनावों से लगातार भाजपा जीत रही है। स्वाभाविक रूप से सत्ता विरोधी लहर भी तैयार हो ही जाती है। इस सबके बीच समय समय पर हुए राजनीतिक घटनाक्रमों को सरकार ही नहीं भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व भी गंभीरता से लेता रहा है। अब गंगा एक्सप्रेस-वे का लोकार्पण इन सभी राजनीतिक गड्ढों को पाटने का भी मुनासिब समय है। चूंकि यह एक्सप्रेस-वे मेरठ से प्रयागराज के बीच बना है, इसलिए इसके जरिए पूरब और पश्चिम का भेद मिटाने की कवायद भी हुई है। दोनों को एक्सप्रेस-वे पर रफ्तार भरने का मौका मिला है। मध्य यूपी से इसका लोकार्पण हो रहा है, तो जाहिर सी बात है कि इसका असर मध्य यूपी के जिलों मेें भी पड़ेगा।
11:05 AM, 29-Apr-2026
गंगा एक्सप्रेसवे पर बनाए गए हैं कट
गंगा एक्सप्रेसवे पर प्रधानमंत्री के आवागमन के लिए एक कट बनाया गया है। वीआईपी और सभास्थल पर आने-जाने वाले लोगों के लिए बनाए गए हैं। कन्नौज से आने वाले लोगों के लिए राघौपुर सड़क से सभास्थल के पहले 14 कट बनाए गए हैं। इसमें सात कट वाहनों के लिए रखे गए हैं। उन्नाव की तरफ से आने वाले लोगों के लिए एक्सप्रेसवे की सर्विस लेन से तीन कट और एक्सप्रेसवे से उतरने के लिए दो कट बनाए गए है। हरदोई की तरफ से आने वाले वाहनों के लिए एक्सप्रेसवे के दाहिनी ओर बनी सर्विस लेन पर 6 कट बनाए गए हैं और एक्सप्रेसवे से आने वालों के लिए लोगों के उतरने के लिए तीन कट बनाए गए हैं।








