हम दिनभर में अपने घर के लोगों से तो आमतौर पर बातें करते ही रहते हैं, लेकिन न जाने कितने परिचित और अनजान लोगों से भी मिलते हैं और कम से कम जरूरत भर बात करते हैं। मसलन, दुकानदारों से सौदा-सुलुफ लेते हुए, बस-ट्रेन या तिपहिया से दफ्तर जाते हुए और दफ्तर में सहयोगियों और […]





