एन. रघुरामन का कॉलम:  क्या कुछ करियर में “डीजे’ अकेलापन दूर करने का तरीका है?
टिपण्णी

एन. रघुरामन का कॉलम: क्या कुछ करियर में “डीजे’ अकेलापन दूर करने का तरीका है?

हमारी कुक कमला शाहू महीने में कम-से-कम दस बार हमसे शिकायत करती हैं कि वे कभी भी रात 2 बजे से पहले नहीं सो पातीं। ऐसा तब है, जब वे रोज रात 8 बजे हमारे घर से चली जाती हैं और पांच मिनट के वॉकिंग डिस्टेंस पर ही रहती हैं। इसकी वजह उनका तीसरा अविवाहित […]