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एन. रघुरामन का कॉलम: हमारे लिए यह पूजा-प्रसाद है, लेकिन किसी और के लिए यही मजदूरी बन जाते हैं

Hindi News Opinion N. Raghuraman’s Column – For Us, This Is Puja prasad (offering), But For Someone Else, It Becomes Wages. 1 घंटे पहले कॉपी लिंक एन. रघुरामन, मैनेजमेंट गुरु येल्लमा वर्ष 2021 में एक कंस्ट्रक्शन वर्कर थीं। चूंकि हर मानसून में कंस्ट्रक्शन गतिविधियां धीमी हो जाती हैं तो उन्हें काम ढूंढ़ने में परेशानी होती […]

मेघना पंत का कॉलम:  क्या शहरी व सम्पन्न महिलाएं ही फेमिनिज्म की आवाज हैं?
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मेघना पंत का कॉलम: क्या शहरी व सम्पन्न महिलाएं ही फेमिनिज्म की आवाज हैं?

इंस्टाग्राम पर कुछ समय पहले पूजा (पुजारिनी प्रधान) का मामला छाया हुआ था। वे पश्चिम बंगाल के ग्रामीण क्षेत्र की एक कंटेंट क्रिएटर हैं, जो गांव का जीवन और किताबों, फेमिनिज्म, समाज आदि पर कंटेंट बनाती हैं। उनकी लोकप्रियता जब तेजी से बढ़ी तो उनके कंटेंट की प्रामाणिकता पर सवाल उठाए गए और कहा गया […]