46 मिनट पहलेलेखक: अदिति ओझा कॉपी लिंक किसी इंसान की जिंदगी बचाने के लिए अपना कोई अंग दे देना, शायद इससे बड़ा मानवीय उपहार कुछ नहीं हो सकता। लेकिन भारत में हर साल हजारों लोग सिर्फ इसलिए समय से पहले जिंदगी से हार मान जाते हैं, क्योंकि हमारे देश में जरूरत के मुताबिक डोनर नहीं […]





