पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  अपनी हार का डर हो, ताकि जीत की प्रेरणा मिलती रहे
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पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: अपनी हार का डर हो, ताकि जीत की प्रेरणा मिलती रहे

बड़े-बड़े खिलाड़ियों से बनी अंतरराष्ट्रीय टीमें भी हार और जीत के लिए किसी न किसी से प्रेरणा लेती हैं। इन टीमों के मैनेजर इस बात के गवाह होते हैं कि तैयारी कैसी की गई, मैच कैसा खेला गया और परिणाम कैसा और क्यों आया? समझदार कोच और मैनेजर खिलाड़ियों पर एक प्रयोग करते हैं। वो […]

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  यह युग ऐसा है कि सावधानी तो रखें पर संदेह न करें
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पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: यह युग ऐसा है कि सावधानी तो रखें पर संदेह न करें

जीवन में हमारी ऊर्जा को जो बातें पी जाती हैं, उनमें से एक है संदेह। यदि आप अत्यधिक संदेहग्रस्त होते जा रहे हैं तो ये मनोरोग है। लेकिन मनुष्य का स्वभाव है संदेह करना। तो इसे दूर करने के हमारे यहां जो उपाय बताए गए, उनमें से एक है ईश्वर के चरित्र का श्रवण किया […]

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  सच्चे अनुभव के लिए अतीत का भी समुद्र-मंथन करें
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पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: सच्चे अनुभव के लिए अतीत का भी समुद्र-मंथन करें

Hindi News Opinion Pt. Vijayshankar Mehta’s Column For True Experience, Churn The Ocean Of The Past Too 9 घंटे पहले कॉपी लिंक पं. विजयशंकर मेहता बीते जीवन को परत-दर-परत उघाड़ने का भी समय निकाला जाए। विज्ञान और तकनीक के युग में वक्त तेजी से बदल रहा है। इंसान दौड़ रहा है। लेकिन सच्चे अनुभव के […]

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  अगर चरित्र मजबूत है तो ईश्वरीय शक्ति भी साथ है
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पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: अगर चरित्र मजबूत है तो ईश्वरीय शक्ति भी साथ है

किसी पर कलंक लगाना आजकल व्यापार-सा हो गया है। जब किसी के चरित्र पर लांछन लगाया जाता है, तो उसका सत्य ढूंढना बड़ा कठिन होता है। क्योंकि सत्य जिस न्याय की अपेक्षा करता है, वो न्याय भी अपने गलियारों में किसी और से न्याय मांग रहा होता है। दुनिया में जितने काम आसान हैं, उनमें […]

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  श्रोता बनने की बारी आए तो अच्छे श्रोता बनिए
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पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: श्रोता बनने की बारी आए तो अच्छे श्रोता बनिए

अच्छा सुनने के लिए अच्छा होना ही पड़ेगा। पक्षीराज गरुड़ ने जब काकभुशुंडि जी से निवेदन किया कि कथा सुनाइए तो तुलसीदास जी ने गरुड़ जी की वाणी का वर्णन किया है- सुनत गरुड़ कै गिरा बिनीता, सरल सुप्रेम सुखद सुपुनीता। गरुड़ जी की विनम्र, सरल, सुंदर, प्रेम युक्त, सुखप्रद और अत्यंत पवित्र वाणी सुनते […]

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  दुनिया पर विचार और भगवान पर विश्वास करें
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पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: दुनिया पर विचार और भगवान पर विश्वास करें

इस समय एक बड़ा भ्रम चल रहा है, वो ये कि हम दुनिया पर विश्वास करते हैं और भगवान पर विचार करते हैं। आज जो कुछ भी हमारे आसपास हो रहा है, खासतौर पर विज्ञान और तकनीक के मामले में- उस पर हम आंख मूंदकर विश्वास कर रहे हैं। और भगवान है कि नहीं है, […]

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  दुनिया पर विचार और भगवान पर विश्वास करें
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पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: दुनिया पर विचार और भगवान पर विश्वास करें

इस समय एक बड़ा भ्रम चल रहा है, वो ये कि हम दुनिया पर विश्वास करते हैं और भगवान पर विचार करते हैं। आज जो कुछ भी हमारे आसपास हो रहा है, खासतौर पर विज्ञान और तकनीक के मामले में- उस पर हम आंख मूंदकर विश्वास कर रहे हैं। और भगवान है कि नहीं है, […]

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  बच्चों की मेंटल हेल्थ ठीक रखने के लिए ध्यान से जोड़ें
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पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: बच्चों की मेंटल हेल्थ ठीक रखने के लिए ध्यान से जोड़ें

Hindi News Opinion Pt. Vijayshankar Mehta Column: Meditation For Childrens Mental Health 28 मिनट पहले कॉपी लिंक पं. विजयशंकर मेहता आज माता-पिता अपने बच्चों की मेंटल हेल्थ को लेकर बड़े परेशान हैं। पूरी दुनिया में भारत के युवा सबसे ज्यादा करियर ओरिएंटेड माने जाते हैं। तो भविष्य के प्रति यह गंभीरता तो युवा पीढ़ी में […]

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  डूबकर किए गए कार्य की सुगंध व्यवहार में उतरती है
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पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: डूबकर किए गए कार्य की सुगंध व्यवहार में उतरती है

Hindi News Opinion Pt. Vijayshankar Mehta Column: Deep Works Fragrance Elevates Behavior 3 घंटे पहले कॉपी लिंक पं. विजयशंकर मेहता जो भी करें डूबकर करें। यदि आप पूजा-पाठ कर रहे हों, कोई इबादत से गुजर रहे हों, थोड़े समय ही भले आप यह काम कर रहे हों- पर डूबकर करिए। उतने वक्त भूल जाइए कि […]