गंगा एक्सप्रेसवे तो वाहनों के रफ्तार भरने के तीन माह बाद धंसा है लेकिन मुरादाबाद की रिंग रोड वाहनों के दाैड़ने से पहले ही धंसने लगी है। करीब 655 करोड़ की लागत से बन रही रिंग रोड पर दो किमी के दायरे में एक दर्जन से ज्यादा गड्ढे हो गए हैं। ये गड्ढे गुरु जंभेश्वर विवि से भटावली के बीच हुए हैं।
एनएचएआई के अफसरों ने यातायात शुरू होने से पहले सभी व्यवस्था दुरुस्त करने का दावा किया है। शहर को जाम से निजात दिलाने के लिए 33.72 किमी लंबी रिंग रोड का निर्माण कराया जा रहा है। इसका निर्माण करीब तीन साल से चल रहा है। एनएचएआई के मुताबिक रिंग रोड का 85 फीसदी काम पूरा हो चुका है।
रिंग रोड के शुरू होने से जंभेश्वर यूनिवर्सिटी जाने वालों और बाहर से आने वाले भारी वाहन बाहर से ही निकल जाएंगे। शहर के रास्तों पर वाहनों का दबाव कम हो जाएगा। दिल्ली रोड से शुरू हुई रिंग रोड भटावली होकर दलपतपुर निकल रही है। इसका निर्माण सितंबर 2023 में शुरू किया गया था। लेकिन अभी तक निर्माण पूरा नहीं हो सका है।
एनएचएआई 85 फीसदी काम पूरा होने का दावा कर रही है। वाहनों का आवागमन शुरू होने से पहले बारिश में रिंग रोड धंसने लगी है। भटावली से गुरु जंभेश्वर विवि तक करीब दो किमी में 12 स्थानों पर सड़क धंस गई है। इसमें रामगंगा नदी पर बने पुल पर सड़क सबसे ज्यादा धंसी मिली।
कुछ जगहों पर तो जोड़ पर ही सड़क फट गई है। इसके अलावा सलेमपुर बंगर और कैलसा बाईपास के बीच पुल पर भी सड़क धंसी मिली। इससे रिंग रोड की गुणवत्ता पर सवाल उठने लगे हैं। वहीं रिंग रोड पर बने गड्ढों में सीमेंट के कट्टों में रेत भरकर डाले गए हैं। कई स्थानों पर गड्ढे खुले हुए हैं।







