सुहागिनें आज पति की लंबी उम्र और अखंड सौभाग्य की कामना के साथ करवाचौथ का व्रत रखेंगी। महिलाएं सूर्योदय से चंद्रोदय तक निर्जला उपवास करेंगी। शाम को भगवान शिव, माता पार्वती, गणेश और कार्तिकेय की पूजा करेंगी।
चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद पति के हाथों जल ग्रहण कर व्रत खोलेंगी। त्योहार को लेकर बुधवार को बाजारों में रौनक रही। करवाचौथ की पूर्व संध्या पर रामघाट रोड, सेंटर प्वाइंट, रेलवे रोड, बड़ा बाजार, महावीरगंज, बारहद्वारी और नौरंगाबाद में खूब चहल-पहल रही। महिलाओं ने कपड़े, जेवर और चूड़ियों की खरीदारी की। मेहंदी लगवाने के लिए कतारें लगीं। साड़ियों में लाल रंग के साथ फैंसी रंगों और डिजाइनों की मांग रही।
अगर चांद बादलों में छिप जाए तो महिलाएं व्रत कैसे खोलें?
अलीगढ़ के प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य पंडित ह्रदय रंजन शर्मा ने बताया कि चंद्रोदय का अनुमानित समय रात 8:19 बजे है। तब ही थाल में आटे से कटे हुए चंद्रमा का आकृति बना दें। रोली-चावल से भगवान गणेश, भोले-पार्वती की पूजा करनी है। इसमें ओम श्री सोमाय नम:, ओम श्री चंद्राय नम: मंत्रों का जाप करते हुए थाली की तीन या पांच परिक्रमा करें और दीपक जलाएं। अपने पति के साथ पूजा करें और व्रत खुलवाएं।