हेलो, आपके पति ने ऑनलाइन लोन लिया और पैसा जमा नहीं किया है। अभी पुलिस आपके घर पहुंच रही है…। यदि आपके फोन पर भी ऐसी कोई डराने वाली कॉल आए, तो जरा सावधान हो जाइए। साइबर ठगों ने अब महिलाओं को मानसिक रूप से परेशान कर ठगी करने का नया तरीका निकाला है।
ताजा मामला आगरा के न्यू आगरा क्षेत्र का है, जहां पेशे से अधिवक्ता की पत्नी को एक अनजान नंबर से फोन आया। कॉलर ने उनके पति का नाम और मोबाइल नंबर बताते हुए दावा किया कि उन्होंने 62 हजार रुपये का ऑनलाइन लोन लिया है, जो चुकाया नहीं गया है। थोड़ी ही देर में घर पर पुलिस भेजने की धमकी देकर उसने महिला को डरा दिया। ठग ने जैसे ही मोबाइल पर एक एपीके फाइल भेजकर उसे खोलने को कहा, गनीमत रही कि अधिवक्ता पति घर लौट आए। उन्होंने तुरंत मामला भांपते हुए फोन काटा और साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई।
कुछ ऐसा ही दर्दनाक अनुभव छीपीटोला निवासी प्रियंका का रहा। उनके सेल्समैन पति के नाम पर 30 हजार रुपये के लोन का झांसा देकर ठगों ने रिकवरी और पुलिस कार्रवाई का भय दिखाया। डर के मारे प्रियंका ने जैसे ही भेजी गई एपीके फाइल खोली, उनके खाते से 4250 रुपये कट गए।
डीसीपी साइबर क्राइम की चेतावनी
डीसीपी साइबर क्राइम आदित्य सिंह का कहना है कि साइबर अपराधी लोगों के निजी डाटा का गलत इस्तेमाल कर नित नए हथकंडे अपना रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस कभी भी फोन पर गिरफ्तारी या रिकवरी के नाम पर पैसे जमा करने का दबाव नहीं बनाती है।
इन बातों का रखें खास ख्याल
– अनजान कॉल पर लोन बकाया या गिरफ्तारी की धमकी मिलने पर बिल्कुल न डरें।
– बैंक या लोन से जुड़ी किसी भी जानकारी को सीधे संबंधित संस्था से सत्यापित करें।
– किसी भी अनजान नंबर से आई एपीके फाइल या लिंक को भूलकर भी ओपन न करें।
– फोन पर किसी के कहने पर अनजान एप डाउनलोड न करें और न ही ओटीपी या बैंक डिटेल साझा करें।
– साइबर ठगी का शिकार होने पर बिना देर किए तुरंत 1930 हेल्पलाइन नंबर पर अपनी शिकायत दर्ज कराएं।







