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आपका सन साइन क्या है? और मून साइन…? आज की पीढ़ी यानी ‘जेन-जी’ के लिए ये महज बातचीत शुरू करने वाले सामान्य सवाल नहीं हैं। उनके लिए आपकी राशि आपकी पहचान का सबसे बड़ा जरिया बन चुकी है। सोशल मीडिया के बायो से लेकर पेंडेंट तक, नक्षत्रों की चाल अब फैशन की नई भाषा बन गई है। डिजिटल कल्चर के जानकार लॉरेंट फ्रेंकोइस कहते हैं,‘आजकल के युवा अपनी पहचान बताने के लिए ज्योतिष का सहारा ले रहे हैं। सोशल मीडिया पर इनसे जुड़ी कम्युनिटीज के 60 लाख से ज्यादा वीडियो इस बात का सबूत हैं कि अध्यात्म और रहस्यों से जुड़ी ये बातें अब पुरानी नहीं रहीं, बल्कि युवाओं के बीच सुपरहिट हैं।’ डिजिटल दुनिया का यह ट्रेंड अब असल दुनिया यानी ज्वेलरी मार्केट में तहलका मचा रहा है। पेरिस का मशहूर ज्वेलरी हाउस वैन क्लीफ एंड अपेरल्स इसका सबसे बड़ा उदाहरण है। हालांकि यह ब्रांड अपने ‘चार पत्तियों वाले क्लोवर’ डिजाइन के लिए जाना जाता है, लेकिन इसके जोडिएक कलेक्शन ने युवाओं को दीवाना बना दिया है। यह ब्रांड 1950 के दशक से ही ‘राशियां’ बना रहा है, लेकिन 2026 में इसने इसे एक नए और सस्ते दामों पर दोबारा लॉन्च किया है। जहां पहले इन नक्काशीदार पेंडेंट की कीमत 18-20 लाख रुपए तक होती थी, वहीं अब नए डिजाइन 2 लाख रुपए से शुरू होते हैं, ताकि नई पीढ़ी इसे अपना सके। फैशन ब्रांड मिलमोर के फाउंडर जॉर्ज इनाकी बताते हैं,‘जब वे अमेरिका आए तो लोग कहते, ‘तुम लिब्रा हो, इसलिए संतुलित हो।’ इसी अनुभव ने उन्हें राशि वाले गहने बनाने की प्रेरणा दी। वे कहते हैं कि मीन, कन्या, मिथुन, तुला व वृश्चिक राशि के लोग ज्योतिष से अधिक आकर्षित होते हैं। प्राचीन ज्वेलरी डीलर क्रिस्टीन चेंग कहती हैं, ‘हर किसी के पास अपना खानदानी प्रतीक नहीं होता, पर सभी का जन्मदिन और राशि जरूर होती है।’ यही वजह है कि लोग अपनी शख्सियत बताने के लिए इन प्रतीकों को पहनना पसंद कर रहे हैं। चाहे वह चीनी राशि का ‘स्नेक’ हो या 2026 का ‘फायर हॉर्स… नक्षत्रों की यह चमक अब किस्मत बताने तक सीमित नहीं, बल्कि स्टाइल स्टेटमेंट बन चुकी है।’ भारत में राशि रत्नों से गहरा जुड़ाव पश्चिमी देशों में राशि चिह्न ‘प्रतीक’ हैं, लेकिन भारत और मध्य-पूर्व में यह संस्कृति का हिस्सा हैं। मशहूर भारतीय डिजाइनर सब्यसाची की हाई ज्वेलरी कलेक्शन में ‘आर्य रिंग’ इसका बेहतरीन उदाहरण है। 18 कैरेट सोने व हीरों से जड़ी यह अंगूठी ‘नवरत्न’ से प्रेरित है, जो वैदिक ज्योतिष के नौ रत्नों की शक्ति को दर्शाती है। लंदन की ज्वेलर करीना चौधरी ने भी इसे अलग गहराई दी है। उनके ‘मैसेज इन अ बॉटल’ हार में रूबी या डायमंड इस तरह लगाए जाते हैं कि पत्थर हमेशा त्वचा को छूता रहे, पहनने वाले को उसकी ऊर्जा मिलती रहे।
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