NEET UG रिजल्‍ट पर एमपी हाईकोर्ट की रोक:  रीएग्‍जाम की मांग; पहली बार सरकारी स्‍कूल सेंटर बना था, यहीं पर गड़बड़ी
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NEET UG रिजल्‍ट पर एमपी हाईकोर्ट की रोक: रीएग्‍जाम की मांग; पहली बार सरकारी स्‍कूल सेंटर बना था, यहीं पर गड़बड़ी

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10 घंटे पहले

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MP हाईकोर्ट की इंदौर बेंच ने NEET UG 2025 एग्जाम के रिजल्ट पर फिलहाल रोक लगा दी है। कोर्ट ने कहा कि अंतिम फैसला होने तक रिजल्ट जारी न किया जाए।

गुरुवार 15 मई को हाईकोर्ट ने NEET UG आयोजित करने वाली नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) से पूछा था कि वह इस मामले में क्या कदम उठा रही है लेकिन NTA की ओर से कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। हाईकोर्ट ने NTA, बिजली कंपनी और परीक्षा केंद्रों को नोटिस जारी किए हैं। 30 जून तक सभी को जवाब पेश करना होगा।

एग्‍जाम के बाद 5 मई से अब तक हाईकोर्ट में कुल 17 याचिकाएं दायर की गई थीं जिसकी सुनवाई कोर्ट ने एक साथ की। मामले की पहली सुनवाई 13 मई को हुई थी।

दरअसल, एग्जाम के दिन इंदौर के कई सेंटरों पर बिजली चली गई जिसकी वजह से कई कैंडिडेट्स सवाल पढ़ भी नहीं पाए थे। इस मामले में 17 कैंडिडेट्स ने MP हाईकोर्ट की इंदौर बेंच में याचिका दायर की थी जिसे बाद में एक याचिका में क्लब कर दिया गया था।

बैकअप का इंतजाम नहीं, तो मोमबत्ती जलाई

याचिका दायर करने वाले कैंडिडेट्स ने बताया कि उनका एग्जाम सेंटर PM श्री केंद्रीय विद्यालय नंबर 1 था, जहां 4 मई को वो दोपहर 2 से शाम के 5 बजे की शिफ्ट में एग्जाम देने पहुंचे थे। इस बीच तेज बारिश और आंधी के चलते करीब 3:30 बजे बिजली चली गई। सेंटर पर कोई बैकअप नहीं था और कमरे में अंधेरा हो गया। कैंडिडेट्स को इस स्थिति में ही एग्जाम देना पड़ा। करीब 4:30 बजे सेंटर पर मोमबत्तियां जलाई गईं।

याचिका में मांग की है कि या तो प्रभावित कैंडिडेट्स का री-एग्जाम हो या उनके फेयर इवैल्यूएशन के लिए कोर्ट कोई दूसरी रेमेडी सुझाए।

27 हजार स्टूडेंट्स पर असर

इंदौर में NEET UG 2025 के 9 सेंटर्स पर 27 हजार स्टूडेंट्स ने एग्जाम दिया था जो अब भविष्य को लेकर असमंजस में हैं। 4 मई को एग्जाम सेंटर से कई स्टूडेंट्स हताश और रोते हुए निकले। एक छात्र प्रभु पांडा ने बताया, ‘पिछले साल मुझे MBBS मिल रहा था लेकिन मैंने सोचा एक साल और तैयारी करता हूं ताकि एम्स मिल जाए। मेरा तो फ्यूचर बर्बाद हो गया।’

छात्रा समृद्धि अग्रवाल के पिता ने बताया कि एग्जाम सेंटर का हाल देखकर सभी पेरेंटस चौंक गए। परीक्षा के कोई इंतजाम नहीं थे।

पहली बार सरकारी स्कूलों को सेंटर बनाया

NTA के लिए यह पहला मौका था जब सरकारी स्कूलों को NEET UG का एग्जाम सेंटर बनाया गया था जहां पावर बैकअप का कोई इंतजाम नहीं था। दरअसल, पिछले साल यानी 2024 में NEET UG एग्जाम को लेकर हुए विवाद के बाद इस साल सरकारी स्कूलों को सेंटर बनाया गया था। इससे पहले प्राइवेट स्कूलों और कंप्यूटर लैब्स को एग्जाम सेंटर बनाया जाता था।

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