Jansatta Editor Mukesh Bhardwaj Bebak Bol on Election Commission Bihar ELections – जनसत्ता के संपादक मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल चुनाव आयोग बिहार चुनाव
स्वास्थ्य

Jansatta Editor Mukesh Bhardwaj Bebak Bol on Election Commission Bihar ELections – जनसत्ता के संपादक मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल चुनाव आयोग बिहार चुनाव

Jansatta Editor Mukesh Bhardwaj Bebak Bol on Election Commission Bihar ELections – जनसत्ता के संपादक मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल चुनाव आयोग बिहार चुनाव | Jansatta Source link

Mukesh Bhardwaj’s column Bebaak Bol: Don’t look back… – मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: मुड़ मुड़ के न देख…
ब्रेकिंग न्यूज़

Mukesh Bhardwaj’s column Bebaak Bol: Don’t look back… – मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: मुड़ मुड़ के न देख…

जब शुभांशु शुक्ला अपने सहयोगियों के साथ अंतरिक्ष में धरतीवासी की पहचान के साथ हैं तब हमारे देश में नागरिकों की जाति गणना कर उन्हें जातिगत पहचान देने की तैयारी की जा रही है। सत्ताधारी गठबंधन चुनाव में जीत के लिए अपनी कई विचारधारा से पीछे हट चुका है, जिनमें जाति जनगणना का एलान प्रमुख […]

मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: मां गुम जाएगी…!
ब्रेकिंग न्यूज़

मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: मां गुम जाएगी…!

शुरुआत इस अस्वीकरण के साथ कि हम जाति जनगणना के खिलाफ नहीं हैं। हमारा मकसद हर मुद्दे की तरह सिर्फ सत्ता से सवाल करना है। उस सत्ता से जो नारी वंदन अधिनियम में अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए ‘कोटे के अंदर कोटा’ की मांग को खारिज करते हुए लाई। यह मांग इस सोच के साथ […]

मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: प्र-बकता
धर्म आस्था

मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: प्र-बकता

जुबां से निकालेंगे गंद इतना कि हर गाली के बाद आलाकमान पूछे, बता क्या बना दूं तुझे? मकबूल शायर के शब्दों को इतना विद्रूप कर अगर हम इस विद्रूप समय को बयां कर पाएं तो यह गुस्ताखी की जा सकती है। देश के शौर्य के साथ सिंदूर जुड़ा। इन दो सुंदर शब्दों के जुड़ने के […]

मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: फैसले की घड़ी
स्वास्थ्य

मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: फैसले की घड़ी

धर्म पूछ कर गोली मारी…पीड़ितों का यह तथ्य कैमरे में दर्ज है। आतंकवादियों की यही रणनीति थी कि हिंदुस्तानी नागरिकों की हत्या करने के बाद यह देश सांप्रदायिक तनाव की आग में भी झुलस जाए। आतंकवादी चाहते हैं कि गोली मारते दृश्य, रोती नव ब्याहता हर हिंदुस्तानी के फोन में पहुंचे। कश्मीर में जिस श्री […]

मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: बेरोजगार कित्थे, ठेले ते
धर्म आस्था

मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: बेरोजगार कित्थे, ठेले ते

उसका असली नाम मजनू नहीं था। कायस-इब्न-अल-मुलाव्वाह यानी कैस को यह नाम दिया उस वक्त के समाज और राजनीति ने। आखिर कोई किसी से कैसे ऐसा सच्चा प्रेम कर सकता है, जैसा कैस ने लैला से किया। नाम में बहुत कुछ रखा होता है। हर नाम का अपना एक सामाजिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक संदेश होता […]

मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: इंटी विंटी पापड़ टिंटी
ब्रेकिंग न्यूज़

मुकेश भारद्वाज का कॉलम बेबाक बोल: इंटी विंटी पापड़ टिंटी

Political Parties Democracy: आज के समय में जब चुनावी जीत ही सबसे बड़ा मूल्य है तो मुख्यधारा के राजनीतिक दलों के लिए उनकी पार्टी की विचारधारा कोई मायने नहीं रखती है। पार्टी का संविधान से लेकर उसके अध्यक्ष पद तक अलंकारिक हो चुके हैं। मुख्यधारा का कोई भी राजनीतिक दल अंतिम आदमी की लड़ाई नहीं […]