एन. रघुरामन का कॉलम:  दूसरी नौकरी करना बिना छाते के घर से निकलने जैसा होता है
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एन. रघुरामन का कॉलम: दूसरी नौकरी करना बिना छाते के घर से निकलने जैसा होता है

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6 घंटे पहले

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एन. रघुरामन, मैनेजमेंट गुरु - Dainik Bhaskar

एन. रघुरामन, मैनेजमेंट गुरु

एक कॉलोनी में कुछ ड्राइवर सरकारी कर्मचारियों के यहां काम करते थे। चूंकि वे हफ्ते में सिर्फ पांच दिन काम करते थे तो उनकी तनख्वाह बाकी ड्राइवरों से कम थी। लेकिन वे खुश थे, क्योंकि वे पास के फाइव-स्टार होटलों में वेले का काम कर लेते थे। शादियों के सीजन के चार-पांच हफ्तों और वीकेंड पर वे अपनी सैलेरी से भी ज्यादा कमा लेते थे।

धीरे-धीरे उन्होंने बाकी ड्राइवरों को भी शनिवार की रातों को काम करने के लिए राजी कर लिया, क्योंकि बीते करीब पांच वर्षों में वहां खुले होटलों को वीकेंड या शादियों में ड्राइवरों की जरूरत पड़ती थी। सोसायटी मैनेजर ने भी हाल के वर्षों में कुछ अजीब बात देखी कि 300 घरों वाली इस कॉलोनी में ड्राइवरों का नौकरी छोड़ना और नए ड्राइवरों का जॉइन करना बहुत बढ़ गया था, जहां हर घर में दो कारें और कम से कम एक ड्राइवर था। चूंकि वही पहचान पत्र जारी करता था और पुलिस की मंजूरी लेता था, तो उसने यह बात नोटिस की।

ड्राइवर का पेशा, खासतौर पर मुम्बई में ऐसा है- जिसे लेकर बहुत गंभीरता बरती जाती है। अच्छे ड्राइवरों की मांग हमेशा रहती है। यह बदलती हकीकत मुझे इसी हफ्ते तब समझ आई, जब मध्यप्रदेश के बैंकिंग लोकपाल (आम जनता की बैंकिंग संबंधी शिकायतें सुनने वाला अधिकारी) शिवकुमार बोस ने मुंबई के लिए एक अच्छा ड्राइवर ढूंढने में मेरी मदद मांगी।

मैं इस बारे में पूछताछ करने निकला और मुझे पता चला कि साइड हसल इकोनॉमी यानी अतिरिक्त कमाने की बढ़ती चाह के कारण इन ड्राइवरों में से बहुत-से लोग अपनी पहली नौकरी गंवा बैठे थे। हर 10 में से कम से कम 4 ड्राइवर एक से ज्यादा नौकरी कर रहे थे।

तो अगर आप भी साइड-गिग कर रहे हैं, तो आप अकेले नहीं हैं। लेकिन इसका मतलब यह भी नहीं कि आपका एम्प्लॉयर जल्द ही लिंक्ड-इन पर आपको बधाई देने वाला है। चूंकि आप अपना साइड-हसल अपने कामकाजी घंटों के बाद या छुट्टी के दिन कर रहे हैं, तो आपको यह सही लग सकता है। लेकिन आपका एम्प्लॉयर इसे अलग नजरिए से देख सकता है। जिस चीज मे आपको कोई हर्ज नजर नहीं आता, वो उनके नजरिए से हितों का टकराव हो सकता है। हां, मैं गंभीरता से कह रहा हूं। और समझिए कि ऐसा क्यों?

एक छोटा-सा ओवरलैप भी शक पैदा कर सकता है। इस श्रेणी के पांच ड्राइवरों के एक छोटे सैंपल सर्वे में सामने आया कि साइड-हसल लेने के बाद उन सभी का छोटा-मोटा एक्सीडेंट हुआ है। वे ज्यादा चिड़चिड़े और अधीर हो गए। ये दोनों ही गुण ड्राइवर के पेशे के उलट हैं। आखिरकार, वे महज कार नहीं बल्कि मालिक की जिंदगी के प्रति भी जिम्मेदार हैं।

अतिरिक्त कमाई, नया कौशल, नई गति को देखते हुए साइड-हसल अच्छे हो सकते हैं। लेकिन बहुत सारे लोग अपनी मुख्य नौकरी में इसके दखल को नहीं रोक पाते। अगर आप थके हुए, डिस्ट्रैक्टेड या अपने परफेक्शन से थोड़े भी कमतर नजर आए तो बाकी बात एम्प्लॉयर खुद ही समझ जाता है। ऐसा हुआ तो दोष आपके साइड-हसल को ही दिया जाएगा और फिर से भरोसा जीत पाना बहुत मुश्किल होगा।

क्यों मैं कहता हूं कि दूसरी नौकरी बिना छाता लिए घर से निकलने जैसा है? क्योंकि यह आपको अचंभे में डाल सकता है। मसलन काेई एक्सीडेंट, इमरजेंसी। बीती रात साइड-हसल के दौरान की किसी समस्या को लेकर फोन कॉल सुनते रहना या ऐसी कोई भी समस्या आपकी मुख्य नौकरी को प्रभावित कर सकती है।

याद रखिए, आपको मुख्य नौकरी देने वाला एम्प्लॉयर रोजाना आपको तरोताजा और पूरी तरह से ऊर्जावान देखना चाहता है। यदि साइड-हसल आराम का समय छीन कर आपको थकाने लगे तो आपकी पहली नौकरी खतरे में पड़ने का जोखिम बहुत ज्यादा है।

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