2 घंटे पहले
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किताबों ने जानिए किन हालात में दुनिया बोझिल लगती है? यदि मन भय और कमी की सोच से भरा हो, तो जीवन कैसा होगा?
मन कृतज्ञता से भरा हो तो दुनिया सुंदर लगेगी जीवन की सुंदरता छोटी खुशियों में है। एक मुस्कान, एक शांत सुबह, एक सच्चा प्रयास। हम अक्सर भूल जाते हैं कि खुश होना एक आदत है। यदि मन शिकायतों से भरा हो, तो दुनिया बोझिल लगती है। यदि मन कृतज्ञता से भरा हो, तो दुनिया सुंदर दिखती है। जीवन उनको मुस्कुराहट लौटाता है जो प्रयास करते हैं। (द जॉय ऑफ लिविंग -ऑरिसन स्वेट मार्डेन)
आशावाद से अवसर और विकास संभव है आशावाद जीवन को सही रोशनी में देखने का अभ्यास है। निराशावाद हमें दुनिया का एकपक्षीय चित्र दिखाता है। आशावाद वह खिड़की है जिससे संभावना, अवसर और विकास की रोशनी भीतर आती है। आशावादी व्यक्ति कभी समस्याओं को अनदेखा नहीं करता; वह उन्हें स्वीकार करता है। ( द आर्ट ऑफ ऑप्टिमिज्म -विलियम डेविट हाइड)
अपने उद्देश्य को सच्चे मन से थामना जरूरी मनुष्य की सच्ची इच्छा उसके दिल में बहुत गहराई से छिपी होती है। यह वह इच्छा है जो उसे सुबह उठने की शक्ति देती है और कठिन समय में उसे टूटने नहीं देती। अपनी गहरी इच्छा को समझना चाहिए। वही जीवन के उद्देश्य तक ले जाएगी। यदि हम सच्चे मन से अपने उद्देश्य को थाम लें, तो रास्ते खुलने लगते हैं। (द सोल्स सिंसियर डिजायर -ग्लेन क्लार्क)
अपने काम में पूरी ईमानदारी रखें, समय का सम्मान करें मनुष्य अपने विचारों से अपनी आर्थिक और मानसिक स्थिति दोनों बनाता है। यदि मन भय और कमी की सोच से भरा हो, तो जीवन वैसा ही होगा। पर यदि मन में मेहनत, अवसर और विश्वास की ऊर्जा है, तो धीरे-धीरे परिस्थितियां बदलने लगती हैं। हर व्यक्ति के भीतर एक छुपी हुई शक्ति है, वह शक्ति जो सही विचार, सही काम और सही संकल्प से जागती है। समृद्धि उन लोगों के पास आती है जो अपने काम में ईमानदारी रखते हैं, समय का सम्मान करते हैं। (द पाथ टू प्रॉस्पेरिटी -जेम्स एलन)








